सिंगरौली जिले के चितरंगी विकासखंड में बाणसागर परियोजना के सात गेट खोले जाने के बाद सोन नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने लगा है, जिससे नदी किनारे और निचले इलाकों में बसे करीब 64 गांवों पर संभावित बाढ़ का बड़ा खतरा मंडरा रहा है। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और पुलिस तथा राजस्व विभाग की टीमें लगातार संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बनाए हुए हैं।
प्रशासन ने नदी के तटीय इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों से अपील की है कि वे बढ़े हुए जलस्तर को देखते हुए नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों के आसपास बिल्कुल न जाएं, साथ ही बच्चों और मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर रखने की सख्त हिदायत दी है।
किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए संवेदनशील स्थानों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। सोन नदी में लगातार हो रहे जलस्तर के बदलाव के बीच एसडीओपी ललित बैरागी ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर जमीनी हालात का जायजा लिया और पुलिस टीमों को चौबीसों घंटे निगरानी रखने के कड़े निर्देश दिए हैं। प्रशासन का मुख्य फोकस नदी किनारे के लोगों को सुरक्षित रखना और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पुख्ता इंतजाम करना है।




