Singrauli Adivasi Youth Beaten By Hockey Stick: सोशल मीडिया में एक वीडियो खूब वायरल है जिसमे एक शख्स एक गरीब आदिवासी युवक की हॉकी स्टिक से बेटम पिटाई कर रहा है. इस वीडियो के आधार पर कांग्रेस अन्य विपक्षी पार्टियां और कथित आदिवासी चिंतक बीजेपी सरकार पर हमलावर हैं. कुछ तो यह दावा कर रहे हैं कि मनुवादी सोच रखने वाले आदिवासियों की जमीन पर कब्जा कर रहे हैं और विरोध करने पर उन्हें चुप कराने के लिए उनकी पिटाई कर रहे हैं.
इस मामले में एमपी के PCC चीफ जीतू पटवारी ने कहा- आदिवासियों की छीनी ज़मीन, करा अत्याचार, कुंभकरणीय नींद में सो रही मोहन सरकार।
एमपी कांग्रेस ने वीडियो पोस्ट कर लिखा- यह नरेन्द्र मोदी का “नया भारत” है! जहां सिंगरौली (मप्र) में आदिवासी के साथ इस तरह की बर्बर पिटाई होती है! “शर्म करो मोहन शर्म”
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि- ये हैं मध्यप्रदेश में आदिवासियों की हकीकत। सिंगरौली में एक बैगा आदिवासी भाई के साथ हुआ अमानवीय व्यवहार सिर्फ़ एक घटना नहीं, बल्कि उस दर्द की झलक है जो आदिवासी समाज रोज़ झेल रहा है। आए दिन अत्याचार होते हैं और प्रशासन व शासन अक्सर मौन रहता है यही सबसे बड़ी चिंता है। क्या यही है सरकार का न्याय? क्या आदिवासियों की आवाज़ इतनी कमजोर समझ ली गई है? मुख्यमंत्री जी से अपील है इस घटना की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करें। अगर सरकार आदिवासी हितैषी है तो दिखना भी चाहिए।

वही कुछ X यूजर्स ने इसे मनुवाद और सुवर्ण से जोड़ दिया।
इस घटना को जातीय एंगल दिए जाने की कोशिश की जा रही है. सोशल मीडिया में अक्सर आदिवासी और पिछड़े वर्गों को बरगालने वाले यूजर्स यह दावा कर रहे हैं कि आदिवासी को पीटने वाला सवर्ण है, मार खाने वाला आदिवासी है और उसे मार खाते देखने वाले मनुवादी हैं. हालांकि यह मामला जाति से जुड़ा नहीं है और न ही जमीन के कब्जे से संबंधित है.
सिंगरौली में आदिवासी की पिटाई के वीडियो का सच
दरअसल ये मामला आज का नहीं बल्कि 2 महीने पुराना है जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया में वायरल है। घटना सिंगरौली जिले की नॉर्दर्न कोलफील्ड लिमिटेड (एनसीएल) के निगाही कोल हैंडलिंग प्लांट (सीएचपी) क्षेत्र की है जहां CHP के सिक्योरिटी इंचार्ज ने आदिवासी की हॉकी स्टिक से बेदम पिटाई की है.
वीडियो में जिस व्यक्ति को पीटा जा रहा है उसका नाम अन्ने लाल बैग है. उसे देकर यह बताया जा रहा है कि वह शराब के नशे में अपनी पत्नी के साथ सीएचपी क्षेत्र से लोहे का सामान उठाकर अपने साथ ले जा रहा था.सुरक्षा कर्मियों ने उसे रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माना। इसके बाद सुरक्षा कर्मियों द्वारा उसके साथ मारपीट की गई।
इस घटना के बाद पीड़ित ने थाने में शिकायत नहीं लिखवाई और न ही CHP ने उसपर संपत्ति को उठाकर ले जाने का आरोप लगाते हुए थाने में उसकी शिकायत की मगर जब वीडियो सामने आया तो इसे जातिय एंगल देकर तरह तरह की बातें की जाने लगीं। नवानगर थाना प्रभारी अनिल पटेल ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर सिक्योरिटी इंचार्ज के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है और पीड़ित की तलाश की जा रही है.




