रेलवे न्यूज। साल 2013 के बाद रेलवे बोर्ड ने जुर्माना पर बड़ा बदलाव किए है। रेलवे का कहना है कि इन नए नियमों का उद्देश्य यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाना, अनुशासन बनाए रखना और यात्रा व्यवस्था को बेहतर बनाना है। 12 साल बाद हुए इस बदलाव से जंहा रेल यात्रियों का सफर सुगम होगा तो वही यात्रा के दौरान गड़बड़ी करने वाले एवं गलत तरीके से यात्रा करने वालो को रेल बोर्ड के नए नियमों के तहत बड़ा जुर्माना भरना पड़ेगा। जुर्माना जमा न करने पर उन्हे जेल की हवा भी खानी पड़ेगी।
बिना टिकट यात्रा पर दो गुना भरना होगा जुर्माना
रेलवे बोर्ड के नए प्रावधानों के अनुसार बिना टिकट या गलत टिकट के साथ यात्रा करते पकड़े जाने पर यात्री को किराए के अतिरिक्त न्यूनतम 500 रुपए का जुर्माना देना होगा। पहले यह राशि 250 रुपए थी। रेलवे ने टिकट के गलत इस्तेमाल पर भी सख्ती बढ़ाई है। यदि कोई यात्री किसी दूसरे व्यक्ति के नाम से बुक टिकट पर सफर करता पाया जाता है तो उसका टिकट निरस्त किया जाएगा और यात्री के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
महिला कोच में घुसे तो 2500 का लगेगा दंड
बोर्ड ने नए नियम में महिला यात्रियों की सुरक्षा पर फोकस करते हुए सख्ती बर्ती है। महिला कोच में अवैध रूप से प्रवेश करने वाले पुरुष यात्रियों पर 2500 रुपए तक का जुर्माना लगाया जाएगा। इसी तरह रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में गंदगी फैलाने, नशे की हालत में हंगामा करने या अशोभनीय व्यवहार करने वालों पर 2000 रुपए तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
भीक्षाटन करने वालो पर भी जुर्माना
रेलवे ने ट्रेनों और स्टेशन परिसर में बिना अनुमति सामान बेचने, फेरी लगाने और भीक्षाटन करने वालों पर जुर्माना का प्रावधान किया है। ऐसे लोगो पर 2000 रुपए तक का अर्थदंड लगाया जा सकता है। जो जुर्माना नही जमा करेगा उसे नए नियम में 3 से महीने से लेकर एक वर्ष तक जेल की सजा भुगतनी पड़ेगी है।




