रीवा। मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश की जीवनरेखा माने जाने वाले नेशनल हाईवे पर सफर करने वाले यात्रियों और मालवाहकों के लिए गुरुवार की सुबह मुसीबतों का पहाड़ लेकर आई। रीवा बायपास स्थित बीहर नदी के पुराने पुल में गंभीर दरार आने के कारण प्रशासन ने एहतियातन भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी है। इस फैसले के बाद वैकल्पिक मार्गों पर ट्रैफिक का दबाव इतना बढ़ा कि बेला बायपास से लेकर सतना-मैहर मार्ग तक कई किलोमीटर लंबा भीषण जाम लग गया है।
पुल क्षतिग्रस्त होने से चरमराई व्यवस्था
प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, बीहर नदी पर बना पुराना पुल तकनीकी रूप से असुरक्षित हो गया है। किसी बड़े हादसे को टालने के लिए प्रशासन ने आगामी 30 अप्रैल तक इस मार्ग से भारी वाहनों के प्रवेश को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया है। चूंकि यह मार्ग प्रयागराज और वाराणसी को जोड़ने वाला प्रमुख गलियारा है, इसलिए हजारों की संख्या में ट्रक और बसें अब डायवर्टेड रूट (सतना-चित्रकूट मार्ग) का सहारा ले रही हैं।
हाइवे पर रात भर चला ‘ट्रैफिक तांडव’
अचानक बदले गए रूट के कारण नेशनल हाईवे-39 पर सतना और बेला के बीच बुधवार देर रात से ही स्थिति बेकाबू हो गई। लगभग 2 किलोमीटर से अधिक लंबे जाम में बसें, ट्रक और छोटे वाहन फंसे हुए हैं। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग जाने से छोटे वाहनों और एंबुलेंस जैसी आपातकालीन सेवाओं को भी निकलने का रास्ता नहीं मिल पा रहा है।
“न पानी, न भोजन”: चालकों का छलका दर्द
जाम में फंसे ट्रक चालकों का धैर्य अब जवाब दे रहा है। ट्रक चालकों ने बताया कि वे बीती रात से ही सड़क पर फंसे हुए हैं। न तो पास में भोजन की व्यवस्था है और न ही पीने का पानी मिल रहा है। चालकों का आरोप है कि रात भर मौके पर कोई पुलिसकर्मी मौजूद नहीं था, जिससे अव्यवस्था और बढ़ गई और अब दुर्घटना का खतरा बना हुआ है।
पुलिस और प्रशासन का राहत अभियान
हालात बिगड़ते देख चोरहटा थाना पुलिस और रामपुर बघेलान थाना की टीमें मौके पर सक्रिय हुई हैं। चोरहटा थाना प्रभारी पवन शुक्ला ने बताया कि टीम लगातार निगरानी कर रही है और जाम खुलवाने के प्रयास जारी हैं। पुलिस टीम अब छोटे वाहनों को प्राथमिकता के आधार पर निकालने की कोशिश कर रही है ताकि यात्रियों की परेशानी कम हो सके।
प्रशासन की अपील: डायवर्जन का करें पालन
स्थानीय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भारी वाहनों को अब सतना-चित्रकूट मार्ग से ही गुजरना होगा। अधिकारियों ने वाहन चालकों और आम जनता से अपील की है कि वे धैर्य बनाए रखें और अनावश्यक यात्रा से बचें। जब तक बीहर पुल की मरम्मत का कार्य या सुरक्षा ऑडिट पूरा नहीं हो जाता, तब तक ट्रैफिक का यह दबाव बने रहने की संभावना है।
