सतना। शहर के जवाहर नगर स्थित ‘वन स्टॉप सेंटर’ की सुरक्षा व्यवस्था को धता बताते हुए रविवार देर रात तीन नाबालिग लड़कियां रहस्यमयी ढंग से फरार हो गईं। बताया जा रहा है कि बालिकाओं ने बड़ी चालाकी से डोरमेट्री के पीछे वाली खिड़की को तोड़ा और एक-एक कर वहां से निकल गईं। सोमवार सुबह जब सेंटर प्रबंधन को इस घटना की जानकारी मिली, तो हड़कंप मच गया। आनन-फानन में इसकी सूचना सिटी कोतवाली पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस की अलग-अलग टीमें बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और शहर के अन्य संभावित ठिकानों पर उनकी तलाश में जुटी हैं।
CCTV और गार्ड के बावजूद चकमा देने में रहीं कामयाब
सेंटर की अधीक्षिका नीता श्रीवास्तव ने बताया कि सेंटर में सुरक्षा के लिए मुख्य गेट पर चौकीदार की तैनाती रहती है और पूरे परिसर में सीसीटीवी कैमरे भी लगे हैं। इसके बावजूद तीनों लड़कियां पीछे के रास्ते से भागने में सफल रहीं। जिस खिड़की को उन्होंने निशाना बनाया, उसके ठीक पीछे सीएम राइज स्कूल का मैदान है। अंदेशा जताया जा रहा है कि खिड़की से कूदने के बाद वे स्कूल के मैदान का रास्ता पकड़कर बाहर निकल गईं। पुलिस अब स्मार्ट सिटी के कैमरों और रेलवे स्टेशन के फुटेज खंगाल रही है ताकि उनके मूवमेंट का पता लगाया जा सके।
काउंसलिंग के बाद भी घर जाने को नहीं थीं तैयार
पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि ये तीनों लड़कियां पहले भी अपने घर से भाग चुकी थीं, जिन्हें दस्तयाब कर बाल कल्याण समिति के समक्ष पेश किया गया था। समिति द्वारा काफी काउंसलिंग की गई, लेकिन जब वे अपने परिजनों के साथ जाने को राजी नहीं हुईं, तो उन्हें 14 से 25 अप्रैल के बीच अस्थायी आश्रय के लिए वन स्टॉप सेंटर भेजा गया था। फरार बालिकाओं में से एक उत्तर प्रदेश के बिजनौर की निवासी है, जबकि दो अन्य सतना जिले के ही पौराणिक टोला और रामपुर बघेलान क्षेत्र की रहने वाली हैं। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर परिजनों से संपर्क साधा है।




