रीवा। विंध्य क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं में एक ऐतिहासिक उपलब्धि जुड़ गई है। रीवा के संजय गांधी चिकित्सालय (मेडिकल कॉलेज) में अत्याधुनिक न्यूक्लिक एसिड टेस्टिंग (NAT) जांच सुविधा शुरू होने जा रही है। इसके साथ ही रीवा, इंदौर और भोपाल के बाद यह आधुनिक सुविधा उपलब्ध कराने वाला मध्य प्रदेश का तीसरा मेडिकल कॉलेज बन गया है।
अस्पताल के ब्लड बैंक में NAT मशीन की स्थापना का कार्य तेजी से शुरू हो चुका है। इस महत्वपूर्ण सुविधा के सुचारू संचालन के लिए एम्स के पूर्व चिकित्सक डॉ. स्वास्तिक पटेल (सहायक प्राध्यापक) की नियुक्ति भी कर दी गई है, जिससे ब्लड बैंक की तकनीकी क्षमता और अधिक मजबूत होगी।
संक्रमणों की सटीक पहचान और सुरक्षित रक्त की उपलब्धता
यह आधुनिक NAT तकनीक रक्त में एचआईवी, हेपेटाइटिस-बी और हेपेटाइटिस-सी जैसे गंभीर संक्रमणों की पहचान बेहद शुरुआती यानी ‘विंडो पीरियड’ के दौरान भी बेहद सटीक और त्वरित रूप से करने में पूरी तरह सक्षम है।
इस सुविधा के शुरू होने से ब्लड बैंक से मिलने वाले रक्त की सुरक्षा और गुणवत्ता में अभूतपूर्व सुधार होगा। इससे न केवल विंध्य क्षेत्र के मरीजों को पूरी तरह सुरक्षित और संक्रमण-मुक्त रक्त मिल सकेगा, बल्कि यह अत्याधुनिक लैब भविष्य में मेडिकल छात्रों के व्यावहारिक प्रशिक्षण में भी बेहद उपयोगी साबित होगी।




