MP Today Weather: मध्यप्रदेश में एक्टिव मौसम सिस्टम के कारण अगले तीन दिनों तक आंधी, गरज-चमक के साथ बारिश और कुछ इलाकों में ओलावृष्टि का असर रहेगा, जिसमें भोपाल, इंदौर, ग्वालियर समेत 30 से अधिक जिलों में येलो अलर्ट जारी है, जबकि सिवनी, मंडला और बालाघाट जैसे दक्षिण-पूर्वी जिलों में ओले गिरने की संभावना अधिक है; 19 और 20 मार्च को इस सिस्टम का प्रभाव सबसे तीव्र रहेगा, जिसके बाद 22 मार्च तक मौसम धीरे-धीरे साफ हो जाएगा, लेकिन मार्च के अंतिम सप्ताह से फिर गर्मी बढ़ने और अप्रैल-मई में 15-20 दिनों तक लू चलने के संकेत हैं।
MP Today Weather: मध्य प्रदेश में तेज गर्मी के बीच मौसम ने अचानक करवट ले ली है। मौसम विभाग के अनुसार, दो ट्रफ लाइनों और एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन के सक्रिय होने से प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अगले तीन दिनों (19 से 21 मार्च) तक आंधी, गरज-चमक के साथ बारिश और कुछ इलाकों में ओलावृष्टि का दौर जारी रह सकता है। यह सिस्टम करीब 72 घंटे तक प्रभावी रहने का अनुमान है, जिससे लोगों को गर्मी से अस्थायी राहत मिली है।
बुधवार से शुरू हुआ बदलाव, कई जिलों में दर्ज हुई बारिश
बुधवार को प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रहे। बालाघाट में लगभग एक इंच बारिश दर्ज की गई, जबकि अन्य इलाकों में हल्की बारिश और तेज हवाएं चलीं। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, यह बदलाव पश्चिमी विक्षोभ और अन्य सिस्टम के संयुक्त प्रभाव से आया है।
19-20 मार्च को सबसे ज्यादा प्रभाव, ओले गिरने की संभावना
मौसम विभाग का कहना है कि 19 और 20 मार्च को इस सिस्टम का असर सबसे अधिक रहेगा। इस दौरान भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, उज्जैन, जबलपुर, रीवा, सागर, छिंदवाड़ा, बालाघाट, मंडला, सिवनी, डिंडोरी समेत 30 से अधिक जिलों में आंधी-बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। खासकर सिवनी, मंडला और बालाघाट में ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। तेज हवाओं की रफ्तार 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जिससे किसानों और आम लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मार्च में पहली ओलावृष्टि, फसलों को नुकसान का खतरा
इस साल मार्च में पहली बार ओलावृष्टि होने जा रही है। फरवरी में भी मौसम ने कई बार करवट ली थी, जिसमें ओले और बारिश से रबी फसलों (गेहूं, सरसों आदि) को नुकसान पहुंचा था और सरकार को सर्वे कराना पड़ा था। अब मार्च में फिर से इसी तरह का पैटर्न दिख रहा है, जिससे खड़ी फसलों को खतरा मंडरा रहा है।
22 मार्च से मौसम साफ होने के संकेत, फिर बढ़ेगी गर्मी
21-22 मार्च के बाद मौसम धीरे-धीरे साफ होने लगेगा। मार्च के आखिरी हफ्ते से गर्मी फिर जोर पकड़ सकती है। अप्रैल और मई में 15 से 20 दिनों तक लू चलने का अनुमान जताया गया है। फिलहाल प्रदेश में ‘तीनों मौसम’ का असर दिख रहा है—दिन में गर्मी, रात में हल्की ठंडक और बीच-बीच में बारिश। कुछ दिन पहले नर्मदापुरम में तापमान 40 डिग्री के पार पहुंच गया था। आने वाले दिनों में भोपाल, इंदौर, उज्जैन जैसे प्रमुख शहरों में भी अधिकतम तापमान 40 डिग्री के आसपास पहुंच सकता है, जबकि रातें अपेक्षाकृत ठंडी रहेंगी।
