भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 के चयनित अभ्यर्थियों ने बुधवार को नियुक्ति और जॉइनिंग की मांग को लेकर चक्काजाम कर दिया। अभ्यर्थी एमपी नगर स्थित बोर्ड ऑफिस चौराहे पर सड़क पर बैठ गए और थालियां बजाकर अपना विरोध जताया। अभ्यर्थियों का कहना है कि मेरिट में चयन होने के बावजूद उनकी नियुक्ति और जॉइनिंग को लेकर प्रक्रिया अटकी हुई है।
पिछले कई दिनों से अभ्यर्थी अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। बुधवार को बड़ी संख्या में अभ्यर्थी सड़क पर बैठ गए और सरकार से जल्द नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने की मांग की। मौके पर प्रशासन और पुलिस के अधिकारी भी पहुंचे और अभ्यर्थियों से बातचीत की।
अधिकारियों से बातचीत के बाद खत्म हुआ चक्काजाम
प्रदर्शन के दौरान अधिकारियों ने अभ्यर्थियों को समझाने की कोशिश की। बातचीत के बाद अभ्यर्थियों ने कुछ समय के लिए चक्काजाम खत्म कर दिया और सड़क से हट गए। अभ्यर्थियों ने प्रशासन को अपनी मांगों का ज्ञापन भी सौंपा।
चयनित अभ्यर्थी बलराम परमार के मुताबिक, डीएसपी विकास और एसडीएम से बातचीत हुई है। अधिकारियों ने उनकी मांगों से जुड़ा ज्ञापन लिया और इसे वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है।
अभ्यर्थियों ने प्रशासन को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। उनका कहना है कि अगर इस दौरान शिक्षा मंत्री या मुख्यमंत्री स्तर पर बातचीत नहीं होती और समस्या के समाधान की दिशा में ठोस पहल नहीं की जाती है तो वे दोबारा चक्काजाम करेंगे।
सड़क से हटे, लेकिन आंदोलन जारी रहेगा
अभ्यर्थियों का कहना है कि फिलहाल वे सड़क से हट रहे हैं, लेकिन उनका आंदोलन खत्म नहीं हुआ है। उनका कहना है कि वे लंबे समय से नियुक्ति और जॉइनिंग की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक उनकी समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ है।
अभ्यर्थियों ने कहा कि अगर गुरुवार शाम तक शिक्षा मंत्री या मुख्यमंत्री स्तर पर बातचीत नहीं हुई और उनकी मांगों पर कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया तो वे फिर सड़क पर उतरेंगे।
क्लॉज 49 का विवाद
प्रदर्शन के दौरान भर्ती नियम के क्लॉज 49 का मुद्दा भी उठाया गया। एसडीएम ने बताया कि अभ्यर्थी इसी क्लॉज का हवाला देते हुए अपनी मांग रख रहे हैं।
अभ्यर्थियों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया के दौरान D.El.Ed के अंतिम वर्ष में पढ़ रहे उम्मीदवारों को परीक्षा में शामिल होने की पात्रता दी गई थी। उनका तर्क है कि जब उन्हें परीक्षा देने की अनुमति दी गई और वे चयन प्रक्रिया में आगे बढ़े, तो नियुक्ति के समय उनकी पात्रता को लेकर समस्या क्यों खड़ी की जा रही है।
D.El.Ed अंतिम वर्ष के अभ्यर्थियों की पात्रता को लेकर यह विवाद पहले भी सामने आ चुका है। अभ्यर्थियों ने भर्ती के क्लॉज 49 और नियुक्ति से जुड़ी अन्य शर्तों को लेकर विभाग से स्पष्ट स्थिति बताने की मांग की है।
वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाएंगे ज्ञापन -एसडीएम
एसडीएम ने कहा कि अभ्यर्थियों का ज्ञापन ले लिया गया है और उनकी बात कलेक्टर के माध्यम से वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाई जाएगी। अभ्यर्थी चाहते हैं कि इस मामले में शिक्षा मंत्री, लोक शिक्षण संचालनालय यानी DPI या शिक्षा विभाग के कमिश्नर स्तर पर उनसे बातचीत की जाए।
अभ्यर्थियों का कहना है कि उन्हें सिर्फ आश्वासन नहीं, बल्कि नियुक्ति और जॉइनिंग को लेकर स्पष्ट फैसला चाहिए।
पहले भी शुरू हो चुकी है नियुक्ति प्रक्रिया
गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 के चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति और स्कूल आवंटन की प्रक्रिया अलग-अलग चरणों में आगे बढ़ चुकी है। अगस्त में करीब 7 हजार चयनित वर्ग-3 शिक्षकों के लिए स्कूल आवंटन की प्रक्रिया शुरू हुई थी और स्कूल मिलने के बाद एक सप्ताह के भीतर जॉइनिंग की व्यवस्था बताई गई थी।
ऐसे में प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों का कहना है कि उनकी स्थिति और लंबित मामलों को भी जल्द स्पष्ट किया जाए।
24 घंटे बाद फिर सड़क पर उतरने की चेतावनी
फिलहाल प्रशासन के आश्वासन के बाद बोर्ड ऑफिस चौराहे पर किया गया चक्काजाम खत्म कर दिया गया है। लेकिन अभ्यर्थियों ने साफ कर दिया है कि अगर 24 घंटे के भीतर सरकार की ओर से बातचीत नहीं होती और उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाया जाता है तो वे दोबारा चक्काजाम करेंगे।




