तमिलनाडु BJP (Tamil Nadu BJP) के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई (K. Annamalai) को लेकर सियासी गलियारों में अटकलें तेज हो गई हैं। चर्चा है कि अन्नामलाई जल्द ही भाजपा (BJP) से अलग राह चुन सकते हैं। इसी बीच उन्होंने दिल्ली में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष (BJP National President) नितिन नवीन (Nitin Naveen) और संगठन महासचिव बीएल संतोष (BL Santhosh) से मुलाकात की है।
सूत्रों के मुताबिक अन्नामलाई भाजपा से टकराव नहीं बल्कि सम्मानजनक विदाई (Annamalai Respectful Exit) चाहते हैं। बताया जा रहा है कि वह तमिलनाडु में राष्ट्रवादी-तमिल दर्शन (Nationalist Tamil Ideology) पर आधारित एक गैर-राजनीतिक आंदोलन शुरू करने की तैयारी में हैं। भविष्य में जनसमर्थन मिलने पर इस आंदोलन को राजनीतिक दल (Annamalai Political Party) का रूप भी दिया जा सकता है।
जानकारी के अनुसार अन्नामलाई 7 जून को अपने कोर समर्थकों की एक अहम बैठक बुलाने वाले हैं। इसी बैठक के बाद वह अपने राजनीतिक भविष्य और अगली रणनीति का ऐलान कर सकते हैं। युवा मतदाताओं के बीच उनकी लोकप्रियता को देखते हुए उनके अगले कदम पर सभी राजनीतिक दलों की नजर टिकी हुई है।
दरअसल पिछले कुछ महीनों में भाजपा और अन्नामलाई के बीच मतभेद की कई घटनाएं सामने आई हैं। विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी ने उन्हें हटाकर नैनार नागेंद्रन को तमिलनाडु भाजपा अध्यक्ष बना दिया था। इतना ही नहीं, अन्नामलाई ने खुद विधानसभा चुनाव भी नहीं लड़ा।
इसके अलावा सीबीएसई की तीन-भाषा नीति और AIADMK के साथ भाजपा गठबंधन (BJP-AIADMK Alliance) को लेकर भी अन्नामलाई के अलग विचार सामने आए थे। हालांकि बाद में उन्होंने NDA गठबंधन (NDA Alliance) के लिए प्रचार जरूर किया।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अन्नामलाई का भाजपा से अलग होना पार्टी के लिए बड़ा झटका साबित हो सकता है। विश्लेषक सुमंत सी. रमन (Sumant C Raman) के मुताबिक अन्नामलाई की ‘एन मन्न, एन मक्कल’ पदयात्रा (En Mann En Makkal Yatra) के बाद तमिलनाडु में भाजपा का वोट शेयर 2021 के 3 प्रतिशत से बढ़कर 2024 में 11 प्रतिशत तक पहुंच गया था। हालांकि 2026 के विधानसभा चुनाव में यह फिर घटकर करीब 3 प्रतिशत पर आ गया।
इधर अन्नामलाई के जन्मदिन से पहले चेन्नई और कोयम्बटूर समेत कई शहरों में उनके समर्थन में पोस्टर लगाए गए हैं। पोस्टरों पर लिखा गया है- “Our Leader, Come and Lead Us” यानी “हमारे नेता, आइए और हमारा नेतृत्व कीजिए।” इससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि अन्नामलाई के समर्थक उन्हें नई भूमिका में देखने के लिए उत्सुक हैं।
गौरतलब है कि हालिया तमिलनाडु विधानसभा चुनाव (Tamil Nadu Assembly Election) में भाजपा को केवल एक सीट मिली, जबकि अभिनेता विजय (Vijay) की पार्टी TVK ने 108 सीटों पर जीत दर्ज कर राज्य की राजनीति को पूरी तरह बदल दिया। ऐसे में अन्नामलाई का अगला कदम न सिर्फ भाजपा बल्कि तमिलनाडु की राजनीति (Tamil Nadu Politics) के लिए भी बेहद अहम माना जा रहा है।




