भोपाल। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने मंगलवार को समामेलित विशेष निधि प्रबंध समिति की बैठक उपरांत लोकभवन में आयोजित सशस्त्र सेना झंडा निधि में विशेष योगदान देने वालों के अभिनंदन समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि करूणा और दया मानव का मूल स्वभाव है। दान अंतर्रात्मा की आवाज है। यह आत्मीय भाव से की गयी सहयोग की पहल है। इस भावना को जरूरतमंदों की सेवा में लगाने में ही जीवन की सार्थकता है।
देश के सैनिकों और उनके परिवार का कर रहे सहयोग
राज्यपाल ने कहा कि सशस्त्र सेना झंडा कोष में उदार योगदान हमारे सैनिकों और उनके परिवारों का केवल आर्थिक सहयोग नहीं, बल्कि राष्ट्रभक्ति की सशक्त अभिव्यक्ति है। झंडा निधि में सहयोग राष्ट्र सेवा में समर्पित वीरों के प्रति हमारे कर्तव्य पालन का अवसर है। राज्यपाल श्री पटेल ने प्रदेशवासियों का आहवान किया कि सैनिक कल्याण के लिए अपनी क्षमता के अनुसार अधिक से अधिक दान दें। साथ ही अन्य लोगों को भी प्रेरित करें।
लक्ष्य से ज्यादा धन संग्रह करने वाले अधिकारी सम्मानित
राज्यपाल लक्ष्य से अधिक राशि संग्रहण के लिए संभागायुक्त जबलपुर धनंजय सिंह भदौरिया, हरदा कलेक्टर सिद्धार्थ जैन, अलीराजपुर कलेक्टर नीतू माथुर, नीमच कलेक्टर हिमांशु चंद्रा और दानदाताओं को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव गृह के.सी. गुप्ता, राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी, सचिव गृह विभाग शिल्पा गुप्ता, जी.ओ.सी. मध्यप्रदेश मेजर जनरल संजय गौतम, ब्रिगेडियर शरद नायर और विकास बत्रा सहित सैनिक कल्याण बोर्ड मध्यप्रदेश के पदाधिकारी, प्रबंध समिति के सदस्य मौजूद थे।
रीवा-सतना के 7 दानदाताओं को राज्यपाल से मिला सम्मान
प्रदेश के राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने सशस्त्र सेना झंडा दिवस के अवसर पर 1 लाख से अधिक दान देने वाले दानदाताओं को सम्मानित किया गया. जिनमे रीवा से 4 और सतना से 3 दानदाता शामिल रहे. रीवा से यह सम्मान यूनीक एडवर्टाइज़िंग से अंजना सूरी, सुनील सिंह,गुरमीत साहनी और राजकुमार को दिया गया जबकि सतना से सार्थक हॉस्पिटल के सुमित अग्रवाल। एकेएस यूनिवर्सिटी के अनंत सोनी और आईएमए के डॉक्टर राकेश अग्रवाल एवं डॉक्टर अलोक खन्ना को सम्मानित किया गया।
4 करोड़ का धन संग्रह
इस अवसर पर राज्य सैनिक बोर्ड के डायरेक्टर, सेवानिव्रत ब्रिगेडियर अरुण नायरने बताया कि इस वर्ष का कुल संग्रहण लगभग 4 करोड़ रुपये रहा जिसमें से लगभग 60 लाख रुपये का योगदान ऐसे 25 लोगों का रहा जिन्होंने 1 लाख से अधिक का दान सैनिक कल्याण बोर्ड को दिया है।
