NEET UG 2026 Paper Leak Case में CBI ने दिल्ली कोर्ट को बताया कि लीक पेपर का मुख्य स्रोत NTA के भीतर से था। मामले में दो और आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं।

CBI headquarters building in New Delhi representing NEET UG 2026 Paper Leak Case investigation.

देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा से जुड़े NEET UG 2026 Paper Leak Case में एक बेहद चौंकाने वाला मोड़ आया है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने दिल्ली की एक अदालत को सूचित किया है कि इस साल लीक हुए प्रश्नपत्र के तार सीधे नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के ही एक आंतरिक स्रोत से जुड़े हुए हैं। परीक्षा रद्द होने के बाद जांच एजेंसियों की इस कार्रवाई ने पूरे देश के शिक्षा और प्रशासनिक गलियारे में हड़कंप मचा दिया है।

NTA अधिकारी जांच के दायरे में, दो और गिरफ्तारियां

सीबीआई ने गुरुवार (14 मई) को राउज एवेन्यू कोर्ट के विशेष जज अजय कुमार गुप्ता के समक्ष इस सनसनीखेज मामले की स्टेटस रिपोर्ट पेश की। अदालत को बताया गया कि इस लीक नेटवर्क की जड़ें सरकारी तंत्र के भीतर तक फैली हुई हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए कोर्ट ने पकड़े गए पांच आरोपियों को सात दिनों के लिए सीबीआई की हिरासत में भेज दिया है। इसी कड़ी में केंद्रीय एजेंसी ने दो और संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिनसे कड़ाई से पूछताछ की जा रही है।

पुणे से जुड़े लीक के तार और मुख्य आरोपी की भूमिका

जांच में यह बात सामने आई है कि गिरफ्तार आरोपी शुभम खैरनार को परीक्षा का मूल प्रश्नपत्र पुणे के एक व्यक्ति से मिला था। इसके बाद जब कड़ियों को पीछे की ओर जोड़ा गया, तो पता चला कि पुणे के उस शख्स का सीधा संपर्क नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के भीतर बैठे एक सोर्स से था। NEET UG 2026 Paper Leak Case की पड़ताल कर रही टीम अब उन विशिष्ट अधिकारियों और कर्मचारियों की पहचान करने में जुटी है, जिन्होंने गोपनीयता के नियमों को ताक पर रखकर इस संवेदनशील दस्तावेज को बाहर भेजा।

यह भी पढ़ें: CBSE Class 12 results 2026 की घोषणा जल्द होने वाली है। 18 लाख छात्र आधिकारिक वेबसाइट cbseresults.nic.in पर अपना स्कोरकार्ड देख सकेंगे। लेटेस्ट अपडेट यहाँ पढ़ें।

टेलीग्राम पर परीक्षा से चार दिन पहले तैर रहा था पर्चा

सीबीआई ने अपनी रिमांड एप्लीकेशन में एक और बड़ा खुलासा किया है। एजेंसी के अनुसार, 29 अप्रैल को ही टेलीग्राम ऐप पर लगभग 500 से 600 प्रश्नों की एक पीडीएफ फाइल तेजी से प्रसारित हो रही थी। यह तारीख परीक्षा के आयोजन से ठीक चार दिन पहले की थी। जांचकर्ताओं ने जब इस टेलीग्राम पीडीएफ का मिलान वास्तविक परीक्षा पत्र से किया, तो पाया कि उसमें से 180 प्रश्न हूबहू वही थे जो मुख्य परीक्षा में पूछे गए थे।

जांच का मुख्य बिंदु: टेलीग्राम पर प्रसारित की गई पीडीएफ फाइल में शामिल 180 प्रश्न मुख्य परीक्षा के पेपर से शत-प्रतिशत मेल खा रहे थे, जो एक सुनियोजित और बड़े स्तर की साजिश की ओर इशारा करता है।

22 लाख से अधिक छात्रों का भविष्य अधर में लटका

इस साल 12 मई को सरकार ने मेडिकल प्रवेश परीक्षा को पूरी तरह रद्द करने का फैसला किया था। यह कदम परीक्षा के सफल आयोजन के महज नौ दिन बाद उठाया गया, जब केंद्रीय एजेंसियों ने प्रारंभिक जांच में पेपर लीक होने की पुष्टि कर दी थी। इस परीक्षा में देशभर के 551 शहरों में 22.7 लाख से अधिक उम्मीदवार शामिल हुए थे। परीक्षा रद्द होने और इस नए खुलासे के बाद छात्रों और अभिभावकों में भारी आक्रोश है।

यह भी पढ़ें: NEET UG Re Exam Date: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने नीट-यूजी परीक्षा की नई तारीख का ऐलान कर दिया है। अनियमितताओं के आरोपों के बाद अब 21 जून को दोबारा परीक्षा होगी।

बड़ी साजिश को बेनकाब करने की तैयारी

अदालत के भीतर केंद्रीय एजेंसी ने दलील दी कि इस पूरे रैकेट के पीछे काम कर रहे बड़े सिंडिकेट का पर्दाफाश करने के लिए आरोपियों की कस्टडी अत्यंत आवश्यक थी। सीबीआई अब इस बात का पता लगा रही है कि इस खेल में कितने पैसों का लेनदेन हुआ और कौन-कौन से कोचिंग संस्थान या शिक्षा माफिया इस नेटवर्क का हिस्सा थे। इसके साथ ही, सरकारी विभागों के उन चेहरों को बेनकाब करने की तैयारी है जिन्होंने इस पूरी व्यवस्था को अंदर से खोखला किया।

अदालत की कार्यवाही और केंद्रीय जांच एजेंसी द्वारा दाखिल रिमांड आवेदन से प्राप्त विवरणों के आधार पर यह स्पष्ट है कि आने वाले दिनों में कुछ बड़े अधिकारियों पर गाज गिर सकती है। सरकार ने भी स्पष्ट किया है कि परीक्षा प्रणाली की शुचिता से समझौता करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल, लाखों छात्र अब री-एग्जामिनेशन के नए शेड्यूल और पारदर्शी व्यवस्था का इंतजार कर रहे हैं।

FAQs

प्रश्न 1: NEET UG 2026 की परीक्षा क्यों रद्द की गई थी?

उत्तर: केंद्रीय जांच एजेंसियों द्वारा परीक्षा से पहले ही प्रश्नपत्र के लीक होने और उसकी गोपनीयता भंग होने की पुष्टि के बाद, सरकार ने 12 मई को परीक्षा रद्द करने का फैसला किया।

प्रश्न 2: CBI जांच में पेपर लीक का मुख्य स्रोत क्या सामने आया है?

उत्तर: सीबीआई ने दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट को सूचित किया है कि NEET UG 2026 Paper Leak Case के तार नेशनल Testing Agency (NTA) के भीतर से जुड़े हैं। पेपर एक अंदरूनी स्रोत से लीक होकर पुणे और फिर अन्य आरोपियों तक पहुंचा था।

प्रश्न 3: क्या परीक्षा से पहले ही सोशल मीडिया पर पेपर आ गया था?

उत्तर: हां, सीबीआई के अनुसार 29 अप्रैल को (परीक्षा से चार दिन पहले) टेलीग्राम पर लगभग 500-600 प्रश्नों की एक पीडीएफ फाइल प्रसारित हो रही थी। इसमें से 180 प्रश्न हूबहू वास्तविक परीक्षा के पेपर से मेल खा रहे थे।

प्रश्न 4: इस मामले में अब तक क्या कानूनी कार्रवाई हुई है?

उत्तर: अदालत ने मुख्य आरोपियों को सात दिनों की सीबीआई हिरासत में भेज दिया है। इसके अलावा, हाल ही में दो और गिरफ्तारियां की गई हैं। सीबीआई अब इस मामले में संलिप्त NTA अधिकारियों और अन्य सरकारी कर्मचारियों की पहचान करने में जुटी है।

प्रश्न 5: इस फैसले से कितने छात्र प्रभावित हुए हैं?

उत्तर: परीक्षा रद्द होने से देश के 551 शहरों में परीक्षा देने वाले लगभग 22.7 लाख से अधिक चिकित्सा अभ्यर्थियों (Medical Aspirants) का भविष्य फिलहाल अधर में लटक गया है।

अधिक जानकारी के लिए, आज ही Shabdsanchi के सोशल मीडिया पेजों को फ़ॉलो करें और अपडेटेड रहें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *