Mamta Banerjee on Amit Shah : “हम प्रधानमंत्री से अनुरोध कर सकते हैं कि अमित शाह पर हमेशा भरोसा न करें… एक दिन वह आपके सबसे बड़े मीर जाफर साबित होंगे…” यह कहना है पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और TMC प्रमुख ममता बनर्जी का। अब आप सब यह सुनकर थोड़ा हैरान तो होंगे ही कि कभी हर शब्द में पीएम मोदी को खरी-खोटी सुनाने वाली ममता बनर्जी को अचानक उनकी इतनी चिंता कैसे सताने लगी। दरअसल, वेस्ट बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गृह मंत्री अमित शाह पर आरोप लगाया कि वह खुद को कार्यवाहक प्रधानमंत्री समझते हैं। उनके कामकाज का तरीका बिलकुल कार्यवाहक प्रधानमंत्री जैसा है।
ममता बनर्जी ने ये बातें तब कही, जब वे बाढ़ और भूस्खलन प्रभावित उत्तर बंगाल के दौरे से लौट रही थीं।
मुद्दा ये नहीं है कि वह बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के दौरे पर थीं। मुद्दा ये है कि उन्होंने प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के बारे में क्या कहा? क्योंकि मूलभूत सुविधाओं के लिए देश का बड़ा तबका अभी भी तरस रहा है। और बाढ़ का निवारण हो न हो, क्या फर्क पड़ता है? वैसे भी, केंद्र से लेकर राज्यों की सरकारों तक, सबको जनता के बाद ही कुर्सी की चिंता सताती है।
ममता बनर्जी ने अमित शाह को कहा मीर जाफर
बंगाल में सियासी पारा तब और बढ़ गया जब ममता बनर्जी ने गृह मंत्री को मीर जाफर घोषित कर दिया। बता दें कि मीर जाफर मुगल का एक सेनानी था, जिसे भारत के इतिहास में विश्वासघात का प्रतीक माना जाता है। 1757 में प्लासी की लड़ाई में उसने अंग्रेजों से मिलकर बंगाल के राजा सिराजुद्दौला से गद्दारी की थी। मीर जाफर ने अंग्रेजों के साथ गुप्त समझौता किया, जिससे सिराजुद्दौला हार गया और अंग्रेजों की भारत में सत्ता बनी। बाद में अंग्रेजों ने मीर जाफर को बंगाल का राजा बना दिया। अब ममता बनर्जी को लगता है कि अमित शाह भी पीएम मोदी को धोखा दे सकते हैं और खुद प्रधानमंत्री बनने की फ़िराक में हैं। इसी लिए उन्होंने कहा, “मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से आग्रह करना चाहती हूं कि वह अमित शाह पर बहुत अधिक भरोसा न करें, क्योंकि वह एक दिन उनके मीर जाफर बन सकते हैं।”
अमित शाह खुद को कार्यवाहक प्रधानमंत्री समझते हैं- ममता बनर्जी
TMC सुप्रीमो ने SIR और चुनाव आयोग पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा, “यह सब अमित शाह की ओर से खेला गया खेल है। वह ऐसे व्यवहार कर रहे हैं जैसे वह इस देश के कार्यवाहक प्रधानमंत्री हों। लेकिन मुझे यह कहते हुए दुख हो रहा है कि पीएम मोदी को सबकुछ पता है।” उनका कहना है कि, “आपके पास समय है, सतर्क रहें, क्योंकि सुबह ही दिन दिखाता है।” उन्होंने बीजेपी पर इस देश को नष्ट करने का आरोप लगाते हुए चेतावनी दी कि वह हमेशा सत्ता में नहीं रहेगी।
हालांकि, पीएम मोदी को लेकर जताई गई इस चिंता थोड़ी देर में ही खत्म हो गई। ममता बनर्जी फिर उनसे भड़क गईं। उन्होंने कहा, “मैंने अपने जीवन में कई सरकारें देखी हैं, लेकिन इस तरह का अहंकारी और तानाशाही शासन मुझे कभी नहीं दिखा।”
ममता बनर्जी ने कहा- ‘बंगाल गुजरात नहीं है’
प्रधानमंत्री मोदी के मिरिक पुल हादसे पर दिए बयानों का जवाब देते हुए ममता बनर्जी ने कहा, ‘बंगाल गुजरात नहीं है। 2022 में गुजरात के मोरबी में पुल गिरने से 130 से ज्यादा लोग मरे थे। राज्य सरकार ने राहत का काम तेज कर दिया है। अब तक 500 राहत के बैग बांटे गए हैं, जिसमें रजाई, चावल, दाल, सूखा राशन और दूध शामिल हैं। करीब 1,000 फंसे पर्यटकों को 45 बसों से सुरक्षित निकाला गया है। मिरिक में अस्थायी पुल 15 दिनों में बन जाएगा और नया पुल अगले मानसून से पहले तैयार हो जाएगा। वे अगले हफ्ते फिर से बाढ़ के इलाके का दौरा करेंगी ताकि राहत का काम खुद देख सकें।
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