Vice Chief of Naval Staff Ajay Kochhar: वाइस एडमिरल अजय कोचर (Vice Admiral Ajay Kochar) ने भारतीय नौसेना (Indian Navy) के 48वें उप प्रमुख (Vice Chief of Naval Staff) के रूप में पदभार संभाल लिया है। पद संभालने से पहले उन्होंने दिल्ली स्थित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक (National War Memorial) पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और इसके बाद साउथ ब्लॉक लॉन्स (South Block Lawns) में उन्हें औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर (Guard of Honour) प्रदान किया गया।
Vice Chief of Naval Staff Ajay Kochhar: भारतीय नौसेना (Indian Navy) में शुक्रवार को महत्वपूर्ण प्रशासनिक बदलाव हुआ। ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) के दौरान समुद्री तैयारियों की रणनीति संभालने वाले वाइस एडमिरल अजय कोचर (Vice Admiral Ajay Kochar) ने नौसेना के 48वें उप प्रमुख (Vice Chief of Naval Staff) के रूप में पदभार ग्रहण कर लिया है।पद संभालने से पहले वाइस एडमिरल कोचर ने दिल्ली स्थित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक (National War Memorial) पहुंचकर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद साउथ ब्लॉक लॉन्स (South Block Lawns) में उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर (Guard of Honour) प्रदान किया गया। उच्च सैन्य अधिकारियों की उपस्थिति में यह औपचारिक कार्यक्रम संपन्न हुआ।
रणनीतिक अनुभव से भरपूर करियर
वाइस एडमिरल अजय कोचर के पास समुद्री सुरक्षा, युद्ध रणनीति (War Strategy) और उच्च स्तरीय नौसैनिक संचालन का लंबा अनुभव है। उन्होंने अंडमान और निकोबार कमांड (Andaman & Nicobar Command) के कमांडर-इन-चीफ के रूप में सेवा की, जो भारत की एकमात्र त्रि-सेवा संयुक्त कमान है। इससे पहले वे पश्चिमी नौसेना कमान (Western Naval Command) में चीफ ऑफ स्टाफ रह चुके हैं और ऑपरेशन सिंदूर के दौरान महत्वपूर्ण समुद्री तैनाती व रणनीतिक संचालन का नेतृत्व किया था।
शानदार नौसैनिक सफर
वाइस एडमिरल अजय कोचर 1 जुलाई 1988 को भारतीय नौसेना में शामिल हुए थे। वे गनरी और मिसाइल सिस्टम्स (Gunnery and Missile Systems) के विशेषज्ञ माने जाते हैं। अपने करियर में उन्होंने कई युद्धपोतों की कमान संभाली, जिनमें आईएनएस नाशक, आईएनएस विभूति, आईएनएस कृपाण, आईएनएस त्रिकंड और विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रमादित्य (INS Vikramaditya) शामिल हैं।
सम्मान और उपलब्धियां
उत्कृष्ट सेवा के लिए उन्हें 2022 में अति विशिष्ट सेवा पदक (Ati Vishisht Seva Medal) और 2026 में परम विशिष्ट सेवा पदक (Param Vishisht Seva Medal) से नवाजा जा चुका है। नौसेना का मानना है कि उनके नेतृत्व में कई महत्वपूर्ण स्टाफ और रणनीतिक भूमिकाओं में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया गया है।




