MP CNG Blast : मध्य प्रदेश के सागर जिले में हुई चर्चित कार अग्निकांड की घटना में बड़ा खुलासा हुआ है। शुरू में इसे सड़क हादसा या फिर CNG किट में आग लगने की घटना माना जा रहा था, लेकिन पुलिस जांच में यह मामला एक सुनियोजित हत्याकांड निकला है। इस मामले में मृतका के पति डॉक्टर नीलेश पटेल को मुख्य आरोपी माना गया है, जिसे पुलिस ने अपने साथियों के साथ गिरफ्तार कर लिया है। सभी आरोपियों को अदालत में पेश किया जाएगा, जबकि पुलिस आगे की जांच में जुटी हुई है।
सीमा की मौत दुर्घटना नहीं हत्या थी
सागर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विकास कुमार सहवाल के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने घटना के पीछे की सच्चाई का पता लगाने के लिए गहन जांच की है। जांच में पता चला कि महिला सीमा की मौत दुर्घटना नहीं बल्कि हत्या थी, जिसमें उसका गला दबाया गया था। पूछताछ में आरोपी डॉक्टर ने स्वीकार किया कि उसका 25 वर्षीय युवती के साथ प्रेम संबंध था। घर में पत्नी को इस संबंध का पता चलने के बाद विवाद बढ़ने लगे, जिससे परेशान होकर उसने पत्नी की हत्या की योजना बनाई।
पति ने ही पत्नी का गला दबाकर हत्या की
पुलिस के अनुसार, उस रात आरोपी ने पति पहले अपनी पत्नी का गला दबाकर हत्या की और फिर इस घटना को दुर्घटना दिखाने का प्रयास किया। उसने अपने परिजनों को फोन कर झूठा भरोसा दिलाया कि उसकी पत्नी को हार्ट अटैक आया है और वह उसे अस्पताल ले जा रहा है। इसके बाद, अपने क्लीनिक के दो कर्मचारियों के साथ मिलकर, आरोपी ने कार में ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा दी, ताकि मामला हादसे का रूप ले।
कैसे खुला राज?
बता दें कि घटनास्थल और फॉरेंसिक रिपोर्ट में कई ऐसे तथ्य सामने आए जो आरोपी के बयान से मेल नहीं खाते थे। पुलिस को शुरुआत से ही संदेह था। जब सख्ती से पूछताछ की गई, तो आरोपी टूट गया और उसने पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। पुलिस ने आरोपी डॉक्टर नीलेश पटेल और उसके सहयोगियों के खिलाफ हत्या, सबूत मिटाने और आपराधिक साजिश के आरोप दर्ज किए हैं। मामले की जांच अभी भी जारी है और अन्य संदिग्ध पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।
