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Ganga Expressway Benefits : अब 5 घंटे में पूरा होगा मेरठ से प्रयागराज तक सफर, तकनीकि ऐसी कि नहीं होंगे हादसे 

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Ganga Expressway Benefits : आज, बुधवार को उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण कर देश के लिए खोल दिया है। जिसके बाद अब मेरठ से प्रयागराज का सफर सिर्फ 5 घंटे में पूरा होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि इससे रोजगार के नए अवसर भी आएंगे। इस एक्सप्रेसवे में अत्याधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिससे हादसों पर ब्रेक लगेगी। आइये जानते हैं कि गंगा एक्सप्रेसवे क्यों है खास? किन तकनीकी का इस्तेमाल कर इसे बनाया गया है?

पीएम मोदी ने गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण किया 

वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में वैदिक पूजा के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरदोई जिले में गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण किया है। यह देश का सबसे लंबा और आधुनिक एक्सप्रेसवे है, जो मेरठ से प्रयागराज तक 594 किलोमीटर लंबा है। इससे यात्रा का समय अब सिर्फ 5 से 6 घंटे रह जाएगा। 

गंगा एक्सप्रेसवे में बना है 3.5 किलोमीटर का रनवे 

गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना अत्याधुनिक तकनीक से तैयार की गई है, जिसमें स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट, हाईटेक कैमरा निगरानी, इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम और एयरस्ट्रिप जैसी सुविधाएं शामिल हैं। शाहजहांपुर में 3.5 किलोमीटर का रनवे भी बनाया गया है, जहां जरूरत पड़ने पर वायुसेना के विमान उतर सकते हैं। 

व्यापार भी बढ़ाएगा गंगा एक्सप्रेसवे

गंगा एक्सप्रेसवे को सिर्फ सड़क परियोजना नहीं, बल्कि एक औद्योगिक गलियारे के रूप में भी विकसित किया जा रहा है। इसके किनारे 12 औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स क्लस्टर बनाए जा रहे हैं, जिनमें लगभग 47,000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव आ चुके हैं। इससे रोजगार, उद्योग और व्यापार को नई रफ्तार मिलेगी। 

गंगा एक्सप्रेसवे दुर्घटनाओं पर लगाएगा ब्रेक 

गंगा एक्सप्रेसवे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूत करेगा। छोटे कस्बों में होटल, ढाबे, पेट्रोल पंप और गोदाम जैसी सुविधाओं का तेजी से विकास हो रहा है। पूरे मार्ग पर 12 टोल प्लाजा और सुरक्षा उपकरण लगाए गए हैं ताकि दुर्घटनाओं से बचा जा सके। इससे दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और हरियाणा से पूर्वी उत्तर प्रदेश की यात्रा आसान हो जाएगी। 

यह परियोजना उत्तर प्रदेश की कनेक्टिविटी, आर्थिक और औद्योगिक विकास में मील का पत्थर साबित होगी। आने वाले वर्षों में यह रोजगार, निवेश और विकास का बड़ा केंद्र बन सकता है।

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