सतना जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त रीवा की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के प्रबंधक केसी शर्मा को लोकायुक्त टीम ने बुधवार को उनके प्रेम नगर स्थित आवास से 96 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया। इस कार्रवाई के बाद से बैंकिंग और सहकारिता विभाग में हड़कंप मच गया है।
धान खरीदी के पेमेंट के एवज में मांगा था 3% कमीशन
मिली जानकारी के अनुसार, यह रिश्वत नागौद स्थित जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के प्रबंधक सिद्धार्थ ओझा से मांगी गई थी। आरोप है कि धान खरीदी की कुल राशि के भुगतान के एवज में 3 प्रतिशत कमीशन की मांग की जा रही थी, जो कि लगभग एक लाख रुपये बैठता था। रिश्वत की इस मांग से परेशान होकर बैंक मैनेजर सिद्धार्थ ओझा ने रीवा लोकायुक्त एसपी के पास इसकी आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई थी।
लोकायुक्त की 12 सदस्यीय टीम ने बिछाया जाल
शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त ने मामले का सत्यापन किया और एक सुनियोजित योजना तैयार की। बुधवार को निरीक्षक एसआर मरावी के नेतृत्व में लोकायुक्त रीवा की 12 सदस्यीय टीम सतना के प्रेम नगर स्थित आरोपी के आवास पर पहुंची। जैसे ही शिकायतकर्ता सिद्धार्थ ओझा ने 96 हजार रुपये की रिश्वत राशि आरोपी प्रबंधक केसी शर्मा को सौंपी, पहले से मुस्तैद लोकायुक्त टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उन्हें धर दबोचा और रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली।
सर्किट हाउस में जारी है पूछताछ और दस्तावेजी कार्रवाई
रंगे हाथों गिरफ्तारी के बाद लोकायुक्त टीम आरोपी प्रबंधक को सर्किट हाउस ले गई, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है और मामले से जुड़े दस्तावेजों की जांच-पड़ताल की जा रही है। लोकायुक्त अधिकारी रिश्वत की मांग और धान खरीदी के पैसों से जुड़े हर पहलू की विस्तृत जानकारी जुटा रहे हैं। लोकायुक्त की यह प्रक्रिया पूरी होने के बाद आरोपी के खिलाफ दर्ज प्रकरण और आगे की कानूनी कार्रवाई के संबंध में और अधिक खुलासे होने की उम्मीद है।

