रीवा। जल जीवन मिशन भारत सरकार की ऐसी योजना है जिसके माध्यम से गांव-गांव तक मीठा पानी पहुचाने का काम किया जाएगा। इस योजना के तहत रीवा-सतना के 995 एवं रीवा-मऊगंज जिले के 1613 गांवों में स्वच्छ पानी पहुचाने का काम किया जाएगा। उक्त योजना के तहत बाण सागर समूह नल जल योजना पर तेजी से काम किया जा रहा है।
उपमुख्यमंत्री ने किया निरिक्षण
उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने मैहर जिले के रामनगर ब्लॉक में ग्राम झिन्ना में जल जीवन मिशन की दो समूह नलजल योजनाओं के निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। उप मुख्यमंत्री ने रीवा बाणसागर और सीधी बाणसागर समूह नलजल योजना के तहत बनाए जा रहे इंटेक वेल तथा वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का निरीक्षण किया। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा हर गांव और हर घर में नल से स्वच्छ जल पहुंचाने की महत्वाकांक्षी योजना को जल जीवन मिशन द्वारा मूर्त रूप दिया जा रहा है। समूह नलजल योजनाओं के निर्माण कार्य तय समय सीमा में पूरे कराकर आमजनता को पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित करें। निर्माण कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखें। पाइपलाइन बिछाने, टंकियों के निर्माण तथा लक्ष्य के अनुसार घरों में कनेक्शन देने के कार्य की नियमित समीक्षा करें।
रीवा-सतना के 995 गांवों में पहुचेगा पानी
जल जीवन मिशन के जिला प्रबंधक चित्रांशु उपाध्याय ने उपमुख्यमंत्री को जानकारी देते हुए बताया कि रीवा बाणसागर समूह जल प्रदाय योजना से रीवा और मऊगंज जिले के 1613 गांवों को पेयजल मिलेगा। इंटेक वेल से जल शोधन संयंत्र तक पानी पहुंचाया जा चुका है। इससे गोविंदगढ़ घाटी में बनाए गए सम्पवेल में पानी पहुंचाकर टेस्टिंग का कार्य पूरा किया जा चुका है। परियोजना का कार्य मार्च 2027 तक पूरा हो जाएगा। सतना बाणसागर समूह नलजल योजना से सतना और रीवा जिले के 995 गांवों को पानी मिलेगा। इसके भी इंटेक वेल और जल शोधन संयंत्र का कार्य पूरा हो गया है। इसी तरह सीधी बाणसागर समूह नलजल योजना का कार्य भी तेजी से किया जा रहा है। इसका भी कार्य मार्च 2027 तक पूरा हो जाएगा। इस दौरान स्थानिय अधिकारी तथा निर्माण एजेंसिंयों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

