Bagheli Ukkhan: पुराने समय में न कैलेंडर थे और न ही घड़ियाँ, जिनसे दिन, तारीख़ […]
Tag: बघेली कहावत
बघेली उक्खान-“नेमाइन के तुपकदार मूड़े मा गोरसी” की कहानी
Bagheli Ukhan Kahani: इंहन कहत हें “नेमाइन के तुपकदार मूड़े मा गोरसी’। मने नेमाइन के […]
Bagheli Ukhan | “पढ़ाए पढ़य ना खूसड़, नबाए-नबय ना मूसर” बघेली उक्खान की कहानी
Bagheli Ukhan: अपने इहन बघेलखंड मा एकठे उक्खान खूब चलत हय, कहा जात हय-“पढ़ाए पढ़य […]
Bagheli Ukhan | “सरि घुन जाय, ता सरि घुन जाय, गोतिया के खाय अकारथ जाय”
Bagheli Ukhan: अपने इहन बघेलखंड मा एकठे उक्खान खूब कहा जात हय- “सरि घुन जाय, […]
Bagheli Ukhan | “सेंत के चाउर, मउसिया के सेराध” बघेली उखान की कहानी
Bagheli Ukhan : इया समय पितरपक्ख चलत लाग हय, ता विचार भा एहिन से संबंधित […]
“नेमाइन के गोह दिखिन, कहिन मऊसी पलागो” जानिए इस बघेली कहावत से जुड़ी दिलचस्प कहानी Video
विंध्य क्षेत्र अउर बघेली भाषा मा चलय वाले उक्खान और कहनूत केर कहानी केवल मनोरंजन […]
Bagheli Kahavat | बघेली कहावतों में छुपे हुए हैं जीवन जीने के सूत्र
Bagheli Kahavat Ki Kahani: बघेलखंड में प्रचलित उक्खान और मुहावरों का बहुत ही विशेष और […]
Bagheli Kahavat | अठासी परिगा बघेली कहावत का इतिहास
Bagheli Kahavat History In Hindi: हमने अपने गाँव-घर या आस-पास के बड़े-बुजुर्गों को अक्सर बघेली […]
