रीवा। जिले की रैंकिंग में आई गिरावट के बाद कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही बरतने वाले 19 अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए है। ऐसे लापरवाह 19 अधिकारियों के खिलाफ कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने कारण बताओ नोटिस जारी कर तीन दिन में जबाब मांगा है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर मध्य प्रदेश सिविल सेवा वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील निया 1966 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
क्यों दिया नोटिस
जानकारी के अनुसार जुलाई में दर्ज शिकायतें और पिछले 50 दिनों से अधिक समय से लंबित शिकायतों के निराकरण में गंभीरता से नहीं लिया गया। इसका सीधा असर संबंधित विभागों और जिले की रैंकिंग में पड़ा है।
इन अधिकारियों को मिला नोटिस
नोटिस पाने वालों में एसडीएम जवा पीयूष भट्ट, एसडीएम त्योंथर राकेश कुमार चौरसिया, एसडीएम गुढ़ सुधाकर सिंह बघेल और एसडीएम हुजूर डॉ. अनुराग तिवारी शामिल हैं। इसके अलावा तहसीलदार जवा सौरभ द्विवेदी, तहसीलदार त्योंथर पारसनाथ मिश्रा, तहसीलदार हुजूर शहर अनुपम पाण्डेय, तहसीलदार हुजूर ग्रामीण शिवशंकर शुक्ला, तहसीलदार मनगवां आंचल अग्रहरि, तहसीलदार सेमरिया ममता पटेल और तहसीलदार गुढ़ अरुण यादव को भी नोटिस दिया गया है।
सीएम हेल्पलाइन को सर्वाेच्च प्राथमिकता
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि शासन स्तर पर सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के निराकरण को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जा रही है। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत आयोजित शिविरों में भी सीएम हेल्पलाइन और जनसुनवाई से जुड़े आवेदनों का शत-प्रतिशत निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश हैं। ऐसे में शिकायतों को लंबित रखना प्रशासनिक स्तर पर गंभीर लापरवाही माना गया है।

