रीवा। पुलिस प्रशिक्षण शाला (PTS) रीवा में आज 93वें नवआरक्षक बुनियादी प्रशिक्षण सत्र (2025-26) का भव्य दीक्षांत परेड समारोह संपन्न हुआ। पिछले 11 महीनों से कड़े प्रशिक्षण से गुजर रहे 455 प्रशिक्षु नवआरक्षक आज विधिवत रूप से पास आउट हो गए। संविधान और पुलिस आचरण संहिता की शपथ लेने के बाद ये सभी जवान अब मध्य प्रदेश की 53 विभिन्न पुलिस इकाइयों में समाज सेवा और सुरक्षा का जिम्मा संभालेंगे।
मुख्य अतिथि ने ली परेड की सलामी, हुआ भव्य निरीक्षण
कार्यक्रम की शुरुआत रीवा जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. गुरकरण सिंह के नेतृत्व में हुई। समारोह के मुख्य अतिथि रीवा जोन के पुलिस महानिरीक्षक (IG) श्री गौरव राजपूत रहे, जिन्होंने परेड की सलामी ली और मार्च पास्ट का निरीक्षण किया। विशिष्ट अतिथि के रूप में पीटीएस रीवा के तत्कालीन एसपी एवं वर्तमान मऊगंज एसपी श्री सुरेंद्र कुमार जैन मौजूद रहे। निरीक्षण के बाद निशान टोली द्वारा तिरंगे और संविधान के साथ परेड के सामने से गुजरने पर परेड कमांडर ने राष्ट्रीय सलामी दी, जिसके बाद मुख्य अतिथि ने सभी जवानों को निष्ठा की शपथ दिलाई।
आठ प्लाटूनों का शानदार मार्च पास्ट
शपथ ग्रहण के बाद परेड कमांडर आरक्षक रचित सिंह घोष (257) और टू-आई-सी आरक्षक सूर्य देव सिंह कुशवाह (4991) के नेतृत्व में जवानों की 8 प्लाटूनों ने मुख्य मंच के सामने से गुजरते हुए मुख्य अतिथि को गरिमामयी सलामी दी। इसके बाद मऊगंज एसपी श्री सुरेंद्र कुमार जैन ने पुलिस प्रशिक्षण शाला का प्रतिवेदन पढ़ा, जिनके कुशल मार्गदर्शन में इस सत्र ने अपना कड़ा प्रशिक्षण पूरा किया।
सोयल खान बने सत्र के सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षु, गुरुजन भी सम्मानित
दीक्षांत समारोह में प्रशिक्षण के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विजेताओं को मुख्य अतिथि द्वारा ट्रॉफी, प्रशस्ति पत्र और नगद पुरस्कार से नवाजा गया:
सर्वोत्तम प्रशिक्षणार्थी: सोयल खान (जिला छिंदवाड़ा)
द्वितीय सर्वोत्तम प्रशिक्षणार्थी: वीरेंद्र सिंह सोलंकी (जिला शाजापुर)
सर्वश्रेष्ठ आंतरिक प्रशिक्षक: निरीक्षक चित्रांगदा सिंह
सर्वश्रेष्ठ बाह्य प्रशिक्षक: प्रधान आरक्षक राजीव लोचन पटेल (31)
आईजी गौरव राजपूत का मंत्र: जीवन में उतारें ये 5 मित्र
मुख्य अतिथि आईजी श्री गौरव राजपूत ने अपने उद्बोधन में सभी नवआरक्षकों को पूरी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के साथ समाज सेवा करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने जवानों को पुलिस जीवन में सफलता के 5 मूलमंत्र (मित्र) बताए: धैर्य, अनुशासन, व्यवहार, सम्मान और मौन। इसके साथ ही, पीटीएस रीवा की टीम द्वारा इतने शानदार और अनुशासित आयोजन के लिए उन्होंने सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को नगद इनाम देने की घोषणा की।
‘देशभक्ति-जनसेवा’ की ओर बढ़े कदम, आभार के साथ समापन
पुरस्कार वितरण के बाद निष्क्रमण की पारंपरिक कार्यवाही हुई, जिसमें सभी 455 जवानों ने ‘देशभक्ति-जनसेवा’ के संकल्प के साथ अपना पहला कदम आगे बढ़ाया। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि को स्मृति चिन्ह भेंट किया गया और उप पुलिस अधीक्षक (PTS) श्री सत्य प्रकाश मिश्रा ने सभी अतिथियों व आगंतुकों का आभार व्यक्त किया।
यह पूरा गरिमामयी आयोजन रीवा एसपी डॉ. गुरकरण सिंह के नेतृत्व, उप पुलिस अधीक्षक सत्य प्रकाश मिश्रा एवं प्रभारी उप पुलिस अधीक्षक (आंतरिक) निरीक्षक अंजू कुर्मी के कुशल मार्गदर्शन में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

