Ahmedabad Investment Summit: अहमदाबाद में आयोजित निवेश संवाद में मध्यप्रदेश को विभिन्न क्षेत्रों में 8,635 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इन प्रस्तावों के जरिए प्रदेश में 5,785 से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की संभावना है।
Ahmedabad Investment Summit: गुजरात के अहमदाबाद में आयोजित निवेश संवाद (Investment Dialogue) में मध्यप्रदेश को विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में कुल 8,635 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। इन प्रस्तावों के जरिए प्रदेश में करीब 5,785 नए रोजगार (Employment Opportunities) पैदा होने की संभावना जताई गई है। कार्यक्रम में गुजरात के अहमदाबाद, सूरत, भावनगर, राजकोट और वडोदरा सहित प्रमुख औद्योगिक केंद्रों से 350 से अधिक उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुजरात के उद्योगपतियों को मध्यप्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि राज्य में उद्योग स्थापित करने और कारोबार के विस्तार के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया गया है। सरकार निवेशकों को आवश्यक सुविधाओं के साथ सुरक्षा और हर संभव सहयोग उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
गुजरात के अनुभव और मध्यप्रदेश के संसाधनों का मेल
मुख्यमंत्री ने कहा कि गुजरात के पास उद्योग और व्यापार के क्षेत्र में लंबे अनुभव और मजबूत कारोबारी नेटवर्क की ताकत है, जबकि मध्यप्रदेश के पास पर्याप्त भूमि, पानी और देश के मध्य में स्थित होने का रणनीतिक लाभ (Strategic Advantage) है। दोनों राज्यों की क्षमताओं का बेहतर समन्वय औद्योगिक विकास (Industrial Development) को नई गति दे सकता है।
सीमेंट और पैकेजिंग सेक्टर में बड़े निवेश प्रस्ताव
अहमदाबाद निवेश संवाद में सबसे बड़ा प्रस्ताव गोल्डक्रेस्ट की ओर से आया। कंपनी ने सीमेंट क्षेत्र (Cement Sector) में 3,000 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव दिया है। इससे करीब 1,500 रोजगार सृजित होने की उम्मीद है। इसके बाद पैकेजिंग क्षेत्र (Packaging Industry) की कंपनी एजियोस पॉलीफिल्म्स ने 2,500 करोड़ रुपये के निवेश की योजना प्रस्तुत की है। इस परियोजना से लगभग 1,000 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। फूड प्रोसेसिंग (Food Processing) क्षेत्र में गुजरात अंबुजा एक्सपोर्ट्स ने 1,200 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव रखा है। इससे करीब 500 रोजगार पैदा होने का अनुमान है। वहीं फार्मास्युटिकल सेक्टर (Pharmaceutical Sector) में एरिस लाइफसाइंसेज ने 500 करोड़ रुपये निवेश की पेशकश की है, जिससे लगभग 800 लोगों को रोजगार मिल सकता है।
इसके अलावा राघव वूवन एलएलपी और भव्य मशीन टूल्स ने 250-250 करोड़ रुपये, जय केमिकल इंडस्ट्रीज और बालाजी मल्टीफ्लेक्स ने 200-200 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव दिए हैं। अन्य प्रस्तावों में श्रद्धा स्पन का 160 करोड़, इनर इंजीनियरिंग प्रोडक्ट्स एंड सिस्टम्स का 150 करोड़, ऑप्टिमाइज्ड ग्रुप का 100 करोड़, जेएमके फूड और विबफास्ट ग्रुप के 50-50 करोड़ तथा अरुणाया ऑर्गेनिक्स का 25 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्ताव शामिल है।
15 से ज्यादा उद्योग समूहों के साथ वन-टू-वन बैठक
निवेश संवाद के दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 15 से अधिक प्रमुख उद्योग समूहों के प्रतिनिधियों के साथ वन-टू-वन मीटिंग (One-to-One Meeting) की। इन बैठकों में निवेश प्रस्तावों को तेजी से आगे बढ़ाने, औद्योगिक विस्तार और मध्यप्रदेश में उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
अरविंद लिमिटेड के साथ पीएम मित्र पार्क (PM MITRA Park) में प्रस्तावित 1,200 करोड़ रुपये के निवेश को जल्द धरातल पर उतारने के संबंध में चर्चा हुई। इसके साथ ही टेक्सटाइल और गारमेंट सेक्टर (Textile & Garment Sector) के लिए राज्य में उपलब्ध सुविधाओं और संभावनाओं पर भी बातचीत हुई। वहीं टोरेंट पावर लिमिटेड के साथ अनूपपुर में प्रस्तावित 1,600 मेगावाट की ताप विद्युत परियोजना (Thermal Power Project) को लेकर चर्चा की गई। पेट्रोकेमिकल, केमिकल, टेक्सटाइल, फार्मा, फूड प्रोसेसिंग, इंजीनियरिंग, एयरोस्पेस और डिफेंस सेक्टर की कंपनियों ने भी मध्यप्रदेश में निवेश को लेकर रुचि दिखाई।
19 हजार एकड़ में विकसित होंगे 48 नए इंडस्ट्रियल पार्क
मुख्यमंत्री ने निवेशकों को प्रदेश में उपलब्ध औद्योगिक सुविधाओं (Industrial Infrastructure) की जानकारी देते हुए बताया कि मध्यप्रदेश में उद्योगों के लिए जमीन, पानी और बिजली की पर्याप्त उपलब्धता है। राज्य में करीब 19 हजार एकड़ क्षेत्रफल में 48 नए इंडस्ट्रियल पार्क (Industrial Parks) विकसित किए जा रहे हैं। निवेशकों के लिए प्रक्रियाओं को आसान बनाने के उद्देश्य से सिंगल विंडो सिस्टम (Single Window System) लागू किया गया है। इससे उद्योगों को विभिन्न अनुमतियां हासिल करने में समय और संसाधनों की बचत होगी।
उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश में 8 एयरपोर्ट, मजबूत रेल नेटवर्क, 6 अंतर्देशीय कंटेनर डिपो (Inland Container Depots) और 5 लाख किलोमीटर से अधिक सड़क नेटवर्क मौजूद है। यह कनेक्टिविटी उद्योगों के लिए कच्चे माल की आपूर्ति और तैयार उत्पादों को देश के विभिन्न बाजारों तक पहुंचाने में मददगार साबित होगी।
ढाई साल में 34 लाख करोड़ से ज्यादा के निवेश प्रस्ताव
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों के दौरान मध्यप्रदेश को विभिन्न क्षेत्रों में 34 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इनमें से 10 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश जमीन पर उतर चुका है, यानी कई परियोजनाओं ने वास्तविक रूप से आकार लेना शुरू कर दिया है। उन्होंने गुजरात के उद्योग जगत को जनवरी-फरवरी 2027 में भोपाल में प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (Global Investors Summit) में शामिल होने का न्योता भी दिया।
निवेश के लिए नई नीतियों पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार ने निवेश को बढ़ावा देने के लिए कई नई औद्योगिक नीतियां (Industrial Policies) लागू की हैं। बिजली, पानी, भूमि और बेहतर कनेक्टिविटी के साथ प्रदेश में प्रशिक्षित श्रमशक्ति (Skilled Workforce) उपलब्ध है। उन्होंने उद्योगपतियों से मध्यप्रदेश के औद्योगिक विकास में भागीदार बनने और राज्य में निवेश की संभावनाओं का लाभ उठाने का आह्वान किया। गुजरात से मिले हजारों करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों को प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों और रोजगार के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

