MP E- Cabinet: कैबिनेट बैठकें जल्द होंगी पूरी तरह डिजिटल, मंत्रियों के सहायकों को दिया गया ऐप का प्रशिक्षण

Madhya Pradesh cabinet meeting showcasing digital e-cabinet setup in conference hall

MP E- Cabinet: मध्य प्रदेश सरकार मंत्रालय को पूरी तरह डिजिटल बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। अब कैबिनेट बैठकें ई-कैबिनेट पोर्टल/ऐप और टैबलेट के माध्यम से पूरी तरह पेपरलेस होंगी। इस पहल से कार्यप्रणाली में गति आएगी, पारदर्शिता बढ़ेगी, समय की बचत होगी और फाइलों की ट्रैकिंग बेहद आसान हो जाएगी। साथ ही, मंत्री कहीं से भी वर्चुअली जुड़ सकेंगे।

MP E- Cabinet: मध्य प्रदेश सरकार मंत्रालय के कामकाज को पूरी तरह डिजिटल बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। ई-ऑफिस प्रणाली के सफल कार्यान्वयन के बाद अब ई-कैबिनेट प्रणाली लागू करने की तैयारी जोरों पर है। इससे कैबिनेट बैठकें पेपरलेस हो जाएंगी और मंत्रियों को कागजी फाइलों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।

मंत्रियों के सहायकों को मिला विशेष प्रशिक्षण

मुख्य सचिव अनुराग जैन के निर्देश पर शुक्रवार को मंत्रालय में मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और मंत्रियों के विशेष सहायकों, विशेष कर्तव्य अधिकारियों तथा निज सचिवों को ई-कैबिनेट एप्लीकेशन का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में बताया गया कि यह आधुनिक डिजिटल इंटरफेस कागज रहित, पूरी तरह सुरक्षित और उपयोग में आसान है। इसमें पूर्ण गोपनीयता बरकरार रहती है।

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को समझाया गया कि ई-कैबिनेट से कभी भी, कहीं से भी बैठक की कार्यसूची को सुविधानुसार देखा जा सकता है। साथ ही कैबिनेट से जुड़े दस्तावेजों की डिजिटल प्रस्तुति तत्काल, सुरक्षित और प्रभावी तरीके से की जा सकेगी। प्रतिभागियों की शंकाओं का भी मौके पर समाधान किया गया।

आगामी बैठक में टैबलेट पर देखेंगे एजेंडा

शीघ्र ही कैबिनेट बैठकें ई-कैबिनेट एप्लीकेशन पर आयोजित की जाएंगी। आगामी कैबिनेट बैठक से पहले मंत्रियों को टैबलेट उपलब्ध कराए जाएंगे, जिनमें एजेंडा और संबंधित दस्तावेज पहले से अपलोड रहेंगे। बैठक में मंत्रियों को कागजी फाइलें नहीं दी जाएंगी, बल्कि वे टैबलेट पर ही सभी प्रस्ताव देखेंगे और अपनी सहमति या सुझाव दर्ज कर सकेंगे। जानकारी के अनुसार, अगली कैबिनेट बैठक में पहली बार इस नई व्यवस्था को लागू किया जाएगा, जिसमें मुख्यमंत्री और सभी मंत्री टैबलेट के जरिए एजेंडा देखेंगे।

ई-फाइल सिस्टम से बढ़ेगी पारदर्शिता और तेजी

ई-फाइल सिस्टम लागू होने के बाद मंत्रालय में सभी विभागों की फाइलें डिजिटल रूप में तैयार हो रही हैं और ऑनलाइन ही आगे बढ़ाई जा रही हैं। इससे फाइलों के अटकने की समस्या कम हुई है और निर्णय प्रक्रिया में तेजी आई है। अब अधिकारियों के साथ-साथ मंत्रियों को भी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर काम करना होगा।

सरकार का मानना है कि इस व्यवस्था से कामकाज में पारदर्शिता बढ़ेगी, समय की बचत होगी और फाइल की पूरी मूवमेंट ट्रैक की जा सकेगी। इससे जवाबदेही तय करना आसान होगा तथा फाइल गुम होने या अनावश्यक देरी की समस्या भी खत्म हो जाएगी।

अधिक जानने के लिए आज ही शब्द साँची के सोशल मीडिया पेज को फॉलो करें और अपडेटेड रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *