NHM Contract Policy: नई संविदा नीति से 32 हजार से अधिक कर्मचारियों को होगा लाभसंविदा कर्मचारियों के लिए बनाई गई नई नीति में कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए यह प्रावधान किया गया है कि यदि किसी कर्मचारी के खिलाफ जांच चल रही हो, तो उसे 50 प्रतिशत वेतन प्रदान किया जाएगा. स्थानांतरण प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए ऑनलाइन ट्रांसफर मैनेजमेंट सिस्टम लागू किया गया है. साथ ही, वेतन असमानता की समस्या को दूर करते हुए सभी संविदा कर्मचारियों के लिए वेतन समानता सुनिश्चित की गई है.
New Contract Policy Implemented In NHM: मध्य प्रदेश में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की नई संविदा कर्मचारी नीति 2025 बनाई गई है. प्रदेश के उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने दावा किया है कि इस नीति में संविदा कर्मचारियों के हितों की रक्षा को प्राथमिकता दी गई है. डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि नीति निर्धारण संविदा कर्मचारियों के हितों की रक्षा को प्राथमिकता देते हुए किया गया है. नवीन नीति से स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में स्थायित्व आएगा और कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण मिलेगा. इस नीति का लाभ 32 हजार संविदा कर्मचारियों को प्रत्यक्ष रूप से मिलेगा और उनके परिवारों सहित लगभग 1.5 लाख लोग इससे लाभान्वित होंगे.
नई नीति में क्या सुविधाएं हैं ?
एनएचएम की नई नीति में संविदा कर्मचारियों को कई महत्वपूर्ण सुविधाएं दी गई हैं. अब कर्मचारियों को प्रत्येक वर्ष अनुबंध के नवीनीकरण की आवश्यकता नहीं होगी. कर्मचारियों के कार्य प्रदर्शन के मूल्यांकन के लिए एक पारदर्शी और समयबद्ध वार्षिक सेवा आधारित रिपोर्टिंग प्रणाली लागू की गई है. कर्मचारियों की शिकायतों के त्वरित और प्रभावी निवारण के लिए एक अपीलीय अनुक्रम स्थापित किया गया है. संविदा कर्मचारियों की सेवा समाप्ति का अधिकार केवल मिशन संचालक एनएचएम के पास होगा और यह केवल प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन करने के बाद ही किया जा सकेगा.
नई नीति में वेतन वृद्धि को भी एक सुव्यवस्थित ढांचे में लाया गया है. अब उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) के आधार पर नियमित वेतन वृद्धि का लाभ मिलेगा. गर्भवती महिलाओं को नियुक्ति के समय प्रसव के छह सप्ताह बाद कार्यभार ग्रहण करने की अनुमति दी जाएगी, जिससे वे मातृत्व के शुरुआती दिनों में समुचित देखभाल प्राप्त कर सकेंगी. इसी तरह, मातृत्व अवकाश और पितृत्व अवकाश के प्रावधान भी संविदा कर्मचारियों के लिए लागू किए गए हैं.
आकस्मिक परिस्थितियों में सहायता
प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की सुचारु व्यवस्था के लिए संविदा कर्मचारियों को अंतर-जिला स्थानांतरण की सुविधा प्रदान की गई है. जिला स्वास्थ्य समिति को जिले में स्थानांतरण का अधिकार दिया गया है. इसके अलावा, कर्मचारियों की शिकायतों के समाधान के लिए एक स्पष्ट शिकायत निवारण अनुक्रम निर्धारित किया गया है. आकस्मिक परिस्थितियों में परिवार को सहायता प्रदान करने के लिए अनुकंपा नियुक्ति और एक्स-ग्रेशिया सहायता राशि के प्रावधान किए गए हैं. सामान्य प्रशासन विभाग के नियमों के अनुसार विशेष अवकाश की सुविधा भी संविदा कर्मचारियों को प्रदान की जाएगी.
नवीन नीति में कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए यह भी प्रावधान किया गया है कि यदि किसी कर्मचारी के खिलाफ जांच चल रही हो, तो उसे 50% वेतन प्रदान किया जाएगा. स्थानांतरण प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए ऑनलाइन ट्रांसफर मैनेजमेंट सिस्टम लागू किया गया है. साथ ही, वेतन असमानता की समस्या को दूर करते हुए सभी संविदा कर्मचारियों के लिए वेतन समानता सुनिश्चित की गई है.