Renee Nicole News: अमेरिका के मिनियापोलिस (Minneapolis) में बुधवार को इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) की कार्रवाई के दौरान एक 37 वर्षीय महिला की गोली मारकर (ICE Killed A Women In Minneapolis) हत्या कर दी गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसने पूरे अमेरिका में हंगामा मचा दिया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) की रिएक्शन ने विवाद और बढ़ा दिया, जहां उन्होंने एजेंट का बचाव किया। ट्रंप अब अमेरिका की जनता के लिए विलन बनते जा रहे हैं – सुरक्षा के नाम पर वेनेजुएला जैसे देशों में कब्जा कर रहे हैं, और अपने ही नागरिक की मौत पर इसे “डोमेस्टिक आतंकवाद” बताकर हत्यारे का बचाव करते हैं।
ICE एजेंट्स एक SUV को रोकने की कोशिश कर रहे थे। वीडियो में दिखता है कि एक एजेंट कार के पास जाता है और ड्राइवर से दरवाजा खोलने को कहता है। कार आगे बढ़ती है, तभी सामने खड़े दूसरे एजेंट ने बेहद करीब से कम से कम तीन गोलियां चलाईं। कार दो अन्य गाड़ियों से टकराकर रुक गई और उसकी मौत हो गई। DHS (Department of Homeland Security) का दावा है कि महिला ने एजेंट को टक्कर मारने की कोशिश की जबकि ये हत्यारे ICE को बचाने के लिए बोला जा रहा सफ़ेद झूठ है. वो महिला अपने घर से किसी काम के लिए निकली थी.
जिस महिला की हत्या हुई वो सिर्फ 37 साल की थी उसका नाम Renee Nicole था जो पेशे से एक लेखक और पोएट थी. Renee Nicole के दो बच्चे थे.
इस घटना पर ट्रंप की रिएक्शन ने उन्हें अमेरिकी जनता और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विलन की इमेज दी है। उन्होंने वीडियो को “डरावना” बताया, लेकिन ICE एजेंट का पूरा बचाव किया। होमलैंड सिक्योरिटी सेक्रेटरी क्रिस्टी नोएम (Kristi Noem) ने इसे “घरेलू आतंकवादी हमला” कहा, जो ट्रंप प्रशासन की लाइन से मेल खाती है। आलोचक कहते हैं कि ट्रंप सुरक्षा के नाम पर मनमानी करते हैं – वेनेजुएला में मदुरो को गिरफ्तार कर कब्जा करने जैसी कार्रवाइयां, और अब अमेरिकी नागरिक की मौत पर हत्यारे एजेंट का बचाव। इससे ट्रंप की इमेज एक ऐसे लीडर की बन रही है जो अपने नागरिकों की बजाय एजेंसियों का पक्ष लेते हैं, जो लोकतंत्र और मानवाधिकारों पर सवाल उठा रही है।
घटना के बाद सैकड़ों लोग मौके पर जमा हो गए और ICE के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। शाम तक वहां श्रद्धांजलि सभा (Vigil) हुई, जहां इमिग्रेशन एजेंसियों का विरोध किया गया। प्रदर्शनकारी ICE को शहर से बाहर करने की मांग कर रहे हैं।
मिनेसोटा PM (मेयर) जैकब फ्रे (Jacob Frey) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार के दावों को खारिज किया। सोशल मीडिया पर लिखा कि ICE तुरंत शहर और राज्य छोड़े। उन्होंने कहा, “हम अपने प्रवासी और शरणार्थी समुदायों के साथ मजबूती से खड़े हैं। सुरक्षा के नाम पर अराजकता फैलाई जा रही है, परिवार तोड़े जा रहे हैं और लोग मारे जा रहे हैं।
यह घटना अमेरिका में इमिग्रेशन पॉलिसी और पुलिस ब्रूटालिटी पर बहस छेड़ रही है। वीडियो वायरल होने से प्रदर्शन और तेज होने की आशंका है। ट्रंप की रिएक्शन ने उनके आलोचकों को और ताकत दी है, जो कहते हैं कि वो सुरक्षा के नाम पर मनमानी कर रहे हैं।

