Girl students deprived of board exams due to negligence of school management: रीवा जिले के गुढ़ विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत शासकीय कन्या हाई स्कूल दुआरी में शिक्षा विभाग की छवि को गहरा धक्का पहुंचाने वाला मामला सामने आया है। यहां प्राचार्य और स्कूल प्रबंधन की गंभीर लापरवाही के कारण कक्षा 10वीं की 12 छात्राएं बोर्ड परीक्षा फॉर्म भरने से वंचित रह गई हैं। स्कूल में कक्षा 10वीं में कुल 16 छात्राएं अध्ययनरत हैं, लेकिन केवल 4 छात्राओं का ही फॉर्म समय पर भर पाया, जबकि बाकी 12 छात्राओं का फॉर्म बिल्कुल नहीं भरा गया। इस वजह से इन छात्राओं का पूरा शैक्षणिक वर्ष बर्बाद होने की कगार पर पहुंच गया है।
प्रभावित छात्राओं और उनके अभिभावकों ने बताया कि उन्होंने बोर्ड परीक्षा की फीस समय पर जमा कर दी थी। प्राचार्य देवेंद्र त्रिपाठी ने बार-बार आश्वासन दिया था कि सभी छात्राओं के फॉर्म भर दिए गए हैं, लेकिन जब फॉर्म सबमिशन की अंतिम तिथि बीत गई तो पता चला कि 12 छात्राओं के फॉर्म कतई नहीं भरे गए। अभिभावकों का कहना है कि प्राचार्य और संबंधित शिक्षकों की उदासीनता और घोर लापरवाही के कारण उनकी बेटियां इस साल बोर्ड परीक्षा नहीं दे पाएंगी, जिससे उनका भविष्य खतरे में पड़ गया है।
इस मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। प्रभावित छात्राओं के परिजन और स्थानीय जनप्रतिनिधि संयुक्त संचालक लोक शिक्षण रीवा संभाग, जिला कलेक्ट्रेट तथा कमिश्नर कार्यालय में लिखित शिकायत दर्ज करा चुके हैं। शिकायतकर्ताओं ने मांग की है कि स्कूल प्राचार्य को तत्काल निलंबित किया जाए, दोषियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू की जाए और 12 छात्राओं के परीक्षा फॉर्म विशेष अनुमति से भरवाकर उन्हें बोर्ड परीक्षा में शामिल होने का अवसर प्रदान किया जाए।
शिक्षा विभाग के उच्चाधिकारियों ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू करने का आश्वासन दिया है। स्थानीय अभिभावकों और सामाजिक संगठनों ने भी इस लापरवाही की कड़ी निंदा की है और मांग की है कि ऐसी गलती दोबारा न हो, इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों को दंडित किया जाए।

