Devas Fire cracker Factory Blast: मध्य प्रदेश सरकार ने देवास जिले के टोंकखुर्द क्षेत्र में स्थित पटाखा फैक्ट्री हादसे की न्यायिक जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति सुभाष काकड़े की अध्यक्षता में गठित एक सदस्यीय जांच आयोग (Judicial Commission) घटना के कारणों, लापरवाही और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही का पता लगाएगा तथा अधिसूचना जारी होने के एक माह के अंदर अपनी रिपोर्ट शासन को सौंपेगा।
Devas Fire cracker Factory Blast: मध्य प्रदेश शासन ने देवास जिले के टोंकखुर्द क्षेत्र में स्थित पटाखा फैक्ट्री में गुरुवार को हुए भीषण हादसे की न्यायिक जांच के आदेश दे दिए हैं। सामान्य प्रशासन विभाग की अधिसूचना के अनुसार, राज्य सरकार ने हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति सुभाष काकड़े की अध्यक्षता में एक सदस्यीय जांच आयोग (Judicial Commission) का गठन किया है। आयोग हादसे के असली कारणों की गहन जांच करेगा तथा यह भी पता लगाएगा कि घटना में कहीं लापरवाही तो नहीं बरती गई। साथ ही जिम्मेदार अधिकारियों और व्यक्तियों की जवाबदेही (Accountability) भी तय की जाएगी।
इन मुद्दों पर होगी जांच
जांच आयोग को हादसे के दौरान और उसके बाद अग्निशमन (Firefighting), बचाव कार्य, चिकित्सा सहायता तथा आपदा प्रबंधन (Disaster Management) की प्रभावशीलता का भी परीक्षण करना होगा। आयोग फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री के निर्माण, भंडारण और उपयोग से जुड़े सुरक्षा मानकों, लाइसेंस शर्तों तथा कानूनी प्रावधानों का पालन हुआ या नहीं, इसकी भी जांच करेगा। इसके अलावा विस्फोटक अधिनियम (Explosives Act), फैक्ट्री अधिनियम, श्रम सुरक्षा नियमों और अन्य संबंधित कानूनों के उल्लंघन की स्थिति पर भी गौर किया जाएगा।
एक माह में सौंपनी होगी रिपोर्ट
राज्य शासन ने आयोग को अधिसूचना के राजपत्र प्रकाशन की तारीख से एक माह के अंदर अपनी जांच पूरी कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
भविष्य में रोकथाम के सुझाव भी
जांच आयोग केवल हादसे की जांच तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सुरक्षा उपायों, निरीक्षण प्रणाली, आपदा प्रबंधन और नियामक व्यवस्था में सुधार के संबंध में भी शासन को सिफारिशें (Recommendations) देगा।

