रीवा। मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने शुक्रवार को रीवा में महर्षि पाणिनी संस्कृत विश्वविद्यालय के निर्माणाधीन परिसर का औचक निरीक्षण किया। उपमुख्यमंत्री ने निर्माण स्थल के चप्पे-चप्पे पर पहुंचकर अब तक हुए कार्यों की भौतिक प्रगति और उपयोग की जा रही सामग्री की गुणवत्ता का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने मौके पर मौजूद विभागीय अधिकारियों और ठेकेदारों से विस्तृत अपडेट लेते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि विश्वविद्यालय का ढांचा न केवल उच्च मानकों के अनुरूप होना चाहिए, बल्कि इसे निर्धारित समय-सीमा के भीतर हर हाल में पूरा किया जाए।
निरीक्षण के दौरान विंध्य विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष पंचूलाल प्रजापति भी उपमुख्यमंत्री के साथ मौजूद रहे। दोनों नेताओं ने विश्वविद्यालय परिसर में भविष्य की आवश्यकताओं और छात्र सुविधाओं से जुड़ी योजनाओं पर गहन चर्चा की। उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने इस अवसर पर कहा कि विंध्य क्षेत्र को शिक्षा के एक प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करना प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने अधिकारियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि जनहित और शिक्षा से जुड़े इन महत्वपूर्ण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
इस निरीक्षण के बाद माना जा रहा है कि विश्वविद्यालय के निर्माण कार्यों में अब और तेजी आएगी। उपमुख्यमंत्री की इस सक्रियता ने प्रशासनिक हलकों में भी हलचल पैदा कर दी है, क्योंकि उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे स्वयं इन विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करते रहेंगे ताकि विंध्य की जनता को जल्द से जल्द इस शैक्षणिक संस्थान का लाभ मिल सके।

