Crude Oil Price Today: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव (Middle East Conflict) का सीधा असर अब ग्लोबल मार्केट पर दिखने लगा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में Brent Crude Oil की कीमत बढ़कर 126 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई है, जो मार्च 2022 के बाद का सबसे ऊंचा स्तर है। फिलहाल कीमत 125 डॉलर के आसपास ट्रेंड कर रही है।
अमेरिका-ईरान तनाव से बढ़ी कीमतें
रिपोर्ट्स के मुताबिक Donald Trump को ईरान पर संभावित हमले को लेकर ब्रीफिंग दी जानी है। US Central Command ने ईरान के खिलाफ “छोटे लेकिन प्रभावी हमलों” की रणनीति तैयार की है, जिससे दबाव बनाकर बातचीत की स्थिति बनाई जा सके। इसी खबर के सामने आते ही तेल बाजार में तेजी (Oil Price Spike) देखने को मिली।
ईरान का तंज अब 140 डॉलर की बारी?
ईरान की संसद के स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf ने इस पर तंज कसते हुए कहा कि तेल की कीमतों का अगला पड़ाव 140 डॉलर हो सकता है। उन्होंने अमेरिकी नीतियों को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि गलत सलाह के चलते हालात बिगड़ रहे हैं।
एक हफ्ते में बड़ा उछाल
सिर्फ एक हफ्ते पहले तक कच्चा तेल करीब 100 डॉलर प्रति बैरल के आसपास था। लेकिन अब इसमें करीब 7% की तेजी आ चुकी है। 8 मार्च 2022 को यह 127.98 डॉलर तक गया था, उसके बाद यह सबसे ऊंचा स्तर है।
भारत-ईरान बातचीत (India-Iran Talks)
इस बीच भारत और ईरान के बीच भी कूटनीतिक बातचीत हुई है। S. Jaishankar और Abbas Araghchi के बीच फोन पर चर्चा हुई, जिसमें क्षेत्रीय हालात और समुद्री सुरक्षा पर बात हुई। ईरान की तरफ से कहा गया कि अमेरिका और इजराइल की आक्रामक कार्रवाइयों की वजह से फारस की खाड़ी (Persian Gulf) और होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) में असुरक्षा बढ़ी है, जिसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है।
तेल की कीमतों में यह उछाल (Oil Price Rise) दुनियाभर में महंगाई (Inflation) बढ़ा सकता है। भारत जैसे आयात-निर्भर देशों पर इसका सीधा असर पेट्रोल-डीजल की कीमतों और ट्रांसपोर्ट कॉस्ट पर पड़ेगा।

