आज आपको ऐसी कार के बारे में बताएंगे जिसके बारे में जानकार आपको लगेगा की काश भारत में भी यह कार होती हालांकि भारत में भी आ सकती है लेकिन कब तक और कैसे क्या होगा सब बताएंगे.
Electric Vehicle बनानेे वाली दुनिया की सबसे बड़ी Company BYD अब Telangana के Rangareddy में अपनी नई Production Unit स्थापित करने जा रही है. साथ ही साथ कंपनी ने एक नई बात बताई है कि ऐसा चार्जिंग प्लेटफॉर्म बनेगा जो दावा करता है कि गाड़ी की बैटरी को केवल 5 मिनट में पूरी तरह चार्ज करेगा. यह एक क्रांतिकारी विचार है जो EV Market में अभूतपूर्व बदलाव कहलायेगा. लेकिन सवाल यही है कि क्या भारत में इसे लागू किया जा सकेगा?
EV की भारत के Market में स्थिति
गौरतलब है कि, भारत में EVs अभी तक बहुत पॉपुलर नहीं हो पाए हैं, इसकी मुख्य वजहें कम दूरी के लिए बैटरी और इनका लंबा चार्जिंग टाइम है. अभी के Charging Infrastructure के अंतर्गत EVs को चार्ज होने में 30 मिनट से लेकर 12 घंटे तक का समय लगता है, जो कि अधिकतर ग्राहकों के लिए एक बड़ी चुनौती है. लेकिन BYD के नए 5 मिनट चार्जिंग Plan से यह समस्या दूर हो सकती है, लेकिन Indian Market में इसकी वास्तविकता पर सवाल उठ रहे हैं.
BYD का Charging Problem Solution
आपको बता दें BYD कंपनी का Super E Platform 1,000 kW तक की Ultra high fast charging speed देने की क्षमता रखता है, जो वर्तमान में Charging speed को पूरी तरह बदल सकता है. लेकिन, यह भी बताएं की चीन में इस प्लेटफॉर्म का फायदा उठाया जा सकता है, क्योंकि भारत में इतनी तेज चार्जिंग स्पीड का सपोर्ट नहीं है. भारत में अधिकांश पब्लिक चार्जिंग स्टेशन 7kW की स्पीड से चार्ज करते हैं, जिससे बैटरी को पूरी तरह चार्ज होने में रात भर का वक्त लग जाता है.
Impact on Indian Market?
Indian Market में Public DC fast Charger का Charging Output 50kW से 120kW के बीच होता है, जिससे भी EV को Charge करने में 2 से 3 घंटे का समय लगता है. इसके बावजूद, BYD का 5 मिनट चार्जिंग का दावा भारत में बड़ी मुश्किल से लागू हो सकता है, क्योंकि यहां के चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और बैटरी क्षमता इस स्पीड को सपोर्ट करने में सक्षम नहीं हैं.
5 मिनट में चार्जिंग क्रांतिकारी कदम
BYD का 5 Minute में Charge होने वाला Charging Platform निश्चित रूप से एक क्रांतिकारी कदम है, लेकिन भारत में इसके लागू होने में अभी समय लगेगा. फिलहाल, भारत को इस तरह के हाई-फास्ट चार्जिंग प्लेटफॉर्म के लिए बेहतर चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की आवश्यकता होगी. भविष्य में संभावनाएं हैं की भारत भी ऐसे सिस्टम का अनुसरण करके भारत वासियों को ऐसी Charging Speed देगा.