Chief Minister’s Scooty Scheme। शासकीय हायर सेकंडरी स्कूलों में कक्षा 12वीं में उत्कृष्ट अंक पाने वाले विद्यार्थियों को बुधवार को एक बड़ी सौगात मिलने जा रही है। प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव, मुख्यमंत्री स्कूटी योजना अंतर्गत 16 सितंबर को भोपाल से मेधावी विद्यार्थियों को ई-स्कूटी का वितरण करेंगे। इससे विद्यार्थियों की उच्च शिक्षा की राह आसान होगी। साथ ही, कॉलेज आने-जाने में भी सहूलियत होगी। राज्य स्तरीय स्कूटी वितरण कार्यक्रम शासकीय सुभाष उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शिवाजी नगर, भोपाल में सुबह 10 बजे से होगा।
70 प्रतिशत अंक वालों को मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना का उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों को शैक्षणिक उपलब्धियां हासिल करने के लिए प्रोत्साहित करना है। योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए विद्यार्थियों को कक्षा 12वीं में प्रथम प्रयास में ही 70 प्रतिशत अंक के साथ स्कूल में प्रथम स्थान आना जरूरी हैं। प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही इस योजना का लाभ स्कूल शिक्षा एवं जनजातीय कार्य विभाग के शासकीय हायर सेकंडरी स्कूलों में नियमित विद्यार्थी के रूप में अध्ययनरत विद्यार्थी को दिया जाता है। योजना में सभी संकायों के विद्यार्थियों को शामिल किया गया है।
7,500 से अधिक विद्यार्थी होंगे लाभान्वित
योजना अंतर्गत शिक्षण सत्र 2025-26 के लिए प्रदेश के 7,500 से अधिक पात्र विद्यार्थियों को ई-स्कूटी का लाभ मिलेगा। मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही इस योजना अंतर्गत अब तक प्रदेश के 23,000 से अधिक पात्र विद्यार्थी लाभान्वित हो चुके हैं। योजना के संचालन पर अब तक लगभग 246 करोड़ रूपये व्य्ाय किए गए हैं। मुख्यमंत्री स्कूटी योजना मेधावी विद्यार्थियों की मेहनत और उपलब्धि को प्रोत्साहित करने के साथ ही आगे की पढ़ाई के लिए सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में प्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण पहल है। शासकीय स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करने से शिक्षा के प्रति उनका उत्साह बढ़ रहा है और उच्च शिक्षा की ओर उनकी भागीदारी को मजबूत करने में भी मदद मिल रही है।
योजना की मुख्य बातें
- पात्रता: सरकारी हायर सेकेंडरी स्कूल में 12वीं की परीक्षा में प्रथम प्रयास में न्यूनतम 70% अंक प्राप्त कर स्कूल में प्रथम स्थान (छात्र और छात्रा दोनों) हासिल करने वाले नियमित विद्यार्थी।
- वित्तीय सहायता / लाभ: पेट्रोल स्कूटी के लिए ₹90,000 और इलेक्ट्रिक स्कूटी (ई-स्कूटी) के लिए ₹1,20,000 तक की राशि सीधे विद्यार्थी के बैंक खाते (DBT) में दी जाती है।
- नियम: इस योजना के तहत मिलने वाली स्कूटी को विद्यार्थी 3 साल तक बेच नहीं सकते हैं।
- सूची देखने की प्रक्रिया: चयनित विद्यार्थियों के नाम विमर्श पोर्टल पर जारी किए जाते हैं, जहाँ जिला और स्कूल के अनुसार सूची देखी जा सकती है।

