Bihar Ka Namkaran Kaise Hua | हमेशा सुर्ख़ियों में रहने वाले बिहार राज्य का नाम आख़िर बिहार कैसे पड़ा क्या मतलब है इस नाम का, आइये जानते हैं ,पवित्र गंगा नदी के किनारे बसा बिहार राज्य अपनी प्राचीन सभ्यता और संस्कृति के लिए तो मशहूर है ही यहाँ के राजनैतिक गलियारे भी वक़्त बेवक़्त, सबका ध्यान अपनी ओर खींच ही लेते हैं और आजकल तो यहाँ सरगर्मी है विधानसभा चुनाव की तो चर्चा तो होनी ही है,
तो इससे पहले की ये राज्य चुनाव के ज़रिये फिर नया इतिहास रचे हम एक नज़र डाल लेते हैं इस राज्य के नाम और इतिहास पर। यूँ तो बिहार का नाम आते ही हमारा मन कुछ तस्वीरें गढ़ने लगता है जैसे – नालंदा विश्वविद्यालय, भगवान बुद्ध की तपोभूमि और महावीर की जन्मस्थली जो केवल इतिहास के पन्नों में दर्ज हैं, इसलिए हमारे ज़हेन में नहीं उभरती हैं बल्कि इसलिए भी हमें बिहार के साथ जोड़ती हैं क्योंकि इस राज्य के इतिहास की जड़ें बहोत गहरी हैं।
Bihar Ka Matlab | क्या मतलब है ‘बिहार’ का?
दरअसल बिहार नाम का शाब्दिक अर्थ है ‘विहार’ जो संस्कृत शब्द ‘विहार’ से लिया गया है. जिसका का मतलब होता है ‘ठहरने की जगह, अब आपके मन में सवाल आ रहा होगा कि इसे विश्राम स्थान किसने बना दिया तो हम फिर कुछ पन्ने पलटकर आपको बता दें कि प्राचीन काल में बिहार में ही बौद्ध भिक्षुओं ने पड़ाव डाला था यहाँ बसेरा करने के लिए उन्होंने कई मठ और आश्रम बनाए थे, जिन्हें ‘विहार’ ही कहा जाता था। ये विहार ही थे जो बौद्ध धर्म का प्रचार-प्रसार करते थे इस धर्म की शिक्षा देते थे और इन विहारों की वजह से ही यहाँ की धरती को ‘विहारों की भूमि’ कहा जाने लगा जो बोलचाल की भाषा में आते आते हमारा “बिहार” बन गया।
Bihar State Name History In Hindi | कौन सा काल बना बौद्ध धर्म का गढ़?
पाटलिपुत्र तो आपको याद ही होगा जी हाँ,जो हमारा आज का बड़ा धूम मचाने वाला पटना है ये मौर्य और गुप्त काल में मगध साम्राज्य की राजधानी था और इसी के आस पास बौद्ध भिक्षुओं ने डेरा डाला इसलिए बिहार बौद्ध धर्म का गढ़ बन गया जहाँ बौद्ध भिक्षु ‘विहार’ बनाकर अपना ध्यान, अध्ययन और शिक्षा देने का काम करते थे।
ये मठ ही थे जिन्हे देखकर इस क्षेत्र को ‘विहार’ नाम मिला हालांकि कई जगह इन क्षेत्रों को अंग और वज्जी नाम से भी पुकारा गया है। नालंदा, विक्रमशिला और ओदन्तपुरी जैसे महाविहार यहाँ स्थित थे, तुर्क आक्रमणों के दौर में तुर्कों ने इन्हें “क़िला-ए-विहार” कहा जिसके कारण भी इसे विहार और आगे चलकर “बिहार” कहा गया।
Bihar History In Hindi | सांस्कृतिक छटा भी है सुन्दर
बिहार भारत का ऐसा राज्य है जिसे सबसे अधिक आबादी वाला तीसरा राज्य माना गया है, इसकी संस्कृति भी बहोत समृद्ध है, जो छठ पूजा जैसे त्योहारों से लेकर शारदा जी के गानों और हमारे पहनावे तक तो दूसरी तरफ मधुबनी चित्रकला से लेकर लिट्टी-चोखा जैसे स्वादिष्ट व्यंजनों तक हमें बिहारी रंग में रंग देती है।
