Badrinath Dham Theft Case: उत्तराखंड के बद्रीनाथ धाम (Badrinath Temple) में चढ़ावे के प्रबंधन को लेकर लगे कथित अनियमितता के आरोपों से हड़कंप मच गया है। भैरव सेना (Bhairav Sena) द्वारा मामले को उठाए जाने के बाद मंदिर समिति ने कार्रवाई करते हुए कुछ कर्मचारियों और समिति अध्यक्ष के निजी सहायक (PA) को नोटिस जारी किया है। फिलहाल मामले की जांच की तैयारी की जा रही है और आरोपों की सत्यता की पड़ताल के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू की जा रही है.
Badrinath Temple News: राम मंदिर के बाद अब बद्रीनाथ मंदिर (Badrinath Temple) में चढ़ावे के प्रबंधन को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। मंदिर में आने वाले दान और चढ़ावे में कथित अनियमितता के आरोप सामने आने के बाद मंदिर समिति ने कुछ कर्मचारियों और समिति अध्यक्ष के निजी सहायक (PA) को नोटिस जारी किया है। मामला उस समय चर्चा में आया जब भैरव सेना (Bhairav Sena) ने चढ़ावे के प्रबंधन में पारदर्शिता पर सवाल उठाते हुए जांच की मांग की।
भैरव सेना ने उठाई जांच की मांग
भैरव सेना के अध्यक्ष संदीप खत्री ने मंदिर समिति के मुख्य कार्याधिकारी सोहन सिंह रागढ़ को पत्र भेजकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। पत्र में आरोप लगाया गया है कि मंदिर के चढ़ावे के प्रबंधन में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं और यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
CCTV फुटेज के बाद जारी हुए नोटिस
शिकायत मिलने के बाद मंदिर समिति ने उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज (CCTV Footage) की समीक्षा की। इसके आधार पर समिति अध्यक्ष के निजी सहायक समेत कुछ कर्मचारियों को नोटिस जारी किया गया है। फुटेज में कुछ कर्मचारी नकदी की गिनती करते हुए दिखाई दे रहे हैं, जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है।
हालांकि, मुख्य कार्याधिकारी सोहन सिंह रागढ़ का कहना है कि उपलब्ध फुटेज से पहली नजर में चढ़ावे की चोरी की पुष्टि नहीं होती है। फिर भी मामले की निष्पक्ष जांच के लिए समिति अध्यक्ष से जांच समिति गठित करने की अनुमति मांगी गई है।
जांच समिति के गठन की तैयारी
मुख्य कार्याधिकारी ने बताया कि अध्यक्ष की मंजूरी मिलते ही जांच समिति (Inquiry Committee) का गठन किया जाएगा। समिति पूरे मामले की जांच करेगी और यदि किसी स्तर पर वित्तीय अनियमितता या नियमों के उल्लंघन के प्रमाण मिलते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
दान और चढ़ावे के प्रबंधन के लिए नए निर्देश
विवाद के बीच श्री बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) ने अपने अधीन संचालित सभी मंदिरों के लिए दान और चढ़ावे के प्रबंधन को लेकर नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। आदेश में नकद दान, चढ़ावे और अन्य आय के संग्रह, सुरक्षित रखरखाव और लेखा-जोखा में पूरी पारदर्शिता (Transparency) बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई
2 जुलाई 2026 को जारी आदेश में मुख्य कार्याधिकारी सोहन सिंह रागढ़ ने कहा कि बद्रीनाथ, केदारनाथ और समिति के अधीन आने वाले सभी मंदिरों के डोनेशन काउंटर (Donation Counter), अकाउंट्स शाखा, ट्रेजरी सेक्शन, गेस्ट हाउस और पूजा काउंटर पर तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विशेष सतर्कता बरतनी होगी। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि नकद दान, चढ़ावे या मंदिर की आय के प्रबंधन में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा वित्तीय अनियमितता को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।

