रीवा। रीवा में जैन साध्वियों की दर्दनाक मौत के विरोध में आज जैन समाज ने देशव्यापी प्रदर्शन करते हुए सड़कों पर उतरकर अपना कड़ा आक्रोश दर्ज कराया। रीवा के कटरा जैन मंदिर से एक विशाल मौन जुलूस निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में समाज की महिलाएं और पुरुष शामिल हुए।
इसी कड़ी में सतना के पन्नीलाल चौक से सिटी कोतवाली तक निकले शांतिपूर्ण मार्च में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और सर्व समाज के लोग शामिल हुए; वहीं मैहर में भी जैन मंदिर से घंटाघर चौराहे तक विरोध जुलूस निकाला गया। इन प्रदर्शनों में शामिल हजारों लोगों ने हाथों में संतों की सुरक्षा के पोस्टर थामकर विरोध जताया और प्रधानमंत्री, गृह मंत्री व मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर संतों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की।
महज हादसा या ‘सुनियोजित हत्या’? सीसीटीवी फुटेज आने के बाद बढ़ा संदेह
बता दें कि यह पूरा आक्रोश 20 मई को रीवा में हुई उस हृदयविदारक घटना के बाद भड़का है, जिसमें एक तेज रफ्तार कार ने सड़क किनारे पैदल विहार कर रही तीन जैन साध्वियों को बेरहमी से कुचल दिया था। इस भीषण हादसे में श्रुति मति माता और उपसमिति माता की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि आर्यिका माता गंभीर रूप से घायल हैं, जिनका इलाज जारी है।
इस पूरी घटना का एक सनसनीखेज सीसीटीवी (CCTV) फुटेज सामने आने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी कार चालक रशीद अली शाह को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि, जैन समुदाय इसे महज एक सामान्य सड़क हादसा मानने से साफ इनकार कर रहा है। समाज ने पिछले साल रतलाम में भी साध्वियों के साथ हुई ऐसी ही एक घटना का हवाला देते हुए इसे ‘सुनियोजित हत्या’ होने का संदेह जताया है और आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त दंडात्मक कार्रवाई करने पर अड़ा हुआ है।

